दोहा में ग्लोबल सिक्योरिटी फोरम 2026 की शुरुआत हुई जहां दुनिया भर के विशेषज्ञ भविष्य के गठबंधनों पर चर्चा करेंगे

दोहा: कतर की राजधानी दोहा में 19 अक्टूबर 2026 को ग्लोबल सिक्योरिटी फोरम 2026 का आगाज हुआ। तीन दिनों तक चलने वाले इस आयोजन का मुख्य विषय भविष्य के गठबंधन रखा गया है। यह फोरम 21 अक्टूबर 2026 तक चलेगा।
इस कार्यक्रम का आयोजन कतर के प्रधानमंत्री और विदेश मंत्री शेख मोहम्मद बिन अब्दुल रहमान अल-थानी के संरक्षण में किया जा रहा है। सम्मेलन के पहले दिन कतर के उप प्रधानमंत्री शेख सऊद बिन अब्दुल रहमान बिन हसन बिन अली अल थानी ने संबोधन दिया।
द सोफन सेंटर और कतर इंटरनेशनल एकेडमी फॉर सिक्योरिटी स्टडीज (QIASS) ने इस फोरम की मेजबानी की है। इसे संयुक्त राष्ट्र आतंकवाद विरोधी समिति कार्यकारी निदेशालय (UN-CTED) और कतर फाउंडेशन का समर्थन प्राप्त है। इस मंच पर अंतरराष्ट्रीय नीति निर्माता और सुरक्षा विशेषज्ञ जुटकर बढ़ते भू-राजनीतिक तनाव के बीच अंतरराष्ट्रीय साझेदारियों के बदलते स्वरूप पर बात कर रहे हैं।
पहले दिन की चर्चाओं में मध्य पूर्व के बदलते रणनीतिक परिदृश्य और क्षेत्रीय स्थिरता पर ईरान व उसके प्रॉक्सी समूहों के प्रभाव जैसे विषयों को शामिल किया गया। इसके अलावा फाइव आइज पार्टनरशिप की भूमिका के साथ-साथ नाटो, सीएसटीओ और एससीओ जैसे संगठनों के प्रभाव पर भी विचार-विमर्श हुआ। सत्रों में तकनीक और रणनीतिक कूटनीति के आपसी संबंध पर भी चर्चा की गई।
फोरम के प्रवक्ता कॉलिन क्लार्क ने बताया कि इस आयोजन का मकसद अंतरराष्ट्रीय संस्थानों और मानदंडों में विश्वास को फिर से बहाल करना है, क्योंकि संस्थागत भरोसे में भारी गिरावट आई है। आने वाले दिनों में समुद्री सुरक्षा, महत्वपूर्ण बुनियादी ढांचे और सामूहिक निवारण रणनीतियों पर पैनल चर्चाएं आयोजित की जाएंगी।