Qatar News: कतर ने वैश्विक कूटनीति पर दिया जोर, अमेरिका और ईरान के बीच मध्यस्थता जारी

कतर ने दुनिया भर में चल रहे संकटों को सुलझाने के लिए अपनी कूटनीति को जारी रखने का बड़ा ऐलान किया है। Qatari Ministry of Foreign Affairs के आधिकारिक प्रवक्ता Dr. Majed bin Mohammed Al Ansari ने हाल ही में अंतरराष्ट्रीय समुदाय को संबोधित करते हुए यह बात कही। उन्होंने साफ किया कि दोहा सरकार बातचीत के जरिए क्षेत्रीय स्थिरता लाने के लिए हमेशा तैयार है और अंतरराष्ट्रीय साझेदारों के साथ मिलकर काम कर रही है। इसमें अमेरिका और ईरान के बीच चल रहे तनाव को कम करने के लिए आपसी भरोसे की कमी को पाटने का प्रयास भी शामिल है, जहां कतारी अधिकारी लगातार प्रस्तावों का आदान-प्रदान कर रहे हैं। इस बारे में अधिक जानकारी के लिए आप Qatari Ministry of Foreign Affairs की आधिकारिक वेबसाइट पर जा सकते हैं।
खाड़ी देशों में सुरक्षा और अंतरराष्ट्रीय जलमार्गों पर चिंता
यह कूटनीतिक पहल ऐसे समय में तेज हुई है जब कतर के अमीर Sheikh Tamim bin Hamad Al Thani ने संयुक्त राष्ट्र महासभा के 81st UN General Assembly सत्र को संबोधित किया था। उन्होंने चेतावनी दी थी कि अमेरिका, इसराइल और ईरान के बीच जारी संघर्ष के कारण खाड़ी क्षेत्र सबसे खतरनाक दौर से गुजर रहा है। कतर लगातार इस बात पर जोर दे रहा है कि होर्मुज जलडमरूमध्य यानी Strait of Hormuz को फिर से खोला जाए। देश का मानना है कि अंतरराष्ट्रीय जलमार्गों पर इस तरह की पाबंदियां भविष्य के लिए एक खतरनाक मिसाल कायम कर सकती हैं। इस बारे में मंत्रालय के प्रवक्ता के बयानों को Spokesperson Official Page पर देखा जा सकता है।
अफ्रीका से लेकर गाजा तक शांति स्थापित करने की कोशिशें
सिर्फ खाड़ी देशों तक ही नहीं, बल्कि कतर अफ्रीका और अन्य क्षेत्रों में भी शांति बहाली के लिए सक्रिय रूप से काम कर रहा है। देश कांगो लोकतांत्रिक गणराज्य के ग्रेट लेक्स क्षेत्र में M23 movement के मामलों को सुलझाने के लिए उच्च स्तर पर मध्यस्थता कर रहा है। इसके अलावा, कतर की मध्यस्थता से ही 22 September 2026 को रवांडा और बेल्जियम के बीच टूटे हुए राजनयिक संबंधों को दोबारा जोड़ा गया था। दूसरी तरफ, कतर के प्रधानमंत्री और विदेश मंत्री Sheikh Mohammed bin Abdulrahman Al Thani ने गाजा में तुरंत युद्धविराम लागू करने की जोरदार मांग की है। उन्होंने इसराइल द्वारा शांति समझौते के रोडमैप को ठुकराए जाने की कड़ी निंदा की और दुनिया के देशों से अपील की कि वे सभी पक्षों को उनकी जिम्मेदारियों के प्रति जवाबदेह बनाएं। इस पूरी उच्चस्तरीय चर्चा के बारे में विस्तार से पढ़ने के लिए आप QNA News Portal की रिपोर्ट देख सकते हैं।