क्वाड देशों ने अटलांटा बैठक में इंडो-पैसिफिक समुद्री सुरक्षा और तकनीकी सहयोग को किया मजबूत
भारत, अमेरिका, जापान और ऑस्ट्रेलिया ने अटलांटा में समुद्री सुरक्षा, साइबर अपराध और AI सहयोग पर महत्वपूर्ण समझौते किए।

अटलांटा (जॉर्जिया): भारत, अमेरिका, जापान और ऑस्ट्रेलिया के विदेश मंत्रियों ने 31 अक्टूबर 2026 को अटलांटा में एक अहम बैठक की। इस बैठक का मुख्य उद्देश्य इंडो-पैसिफिक क्षेत्र में समुद्री सुरक्षा को पुख्ता करना और तकनीकी सहयोग को बढ़ाना था।
बैठक में भारत के विदेश मंत्री एस. जयशंकर, अमेरिकी विदेश मंत्री मार्को रूबियो, जापान के विदेश मंत्री तोशिमित्सु मोतेगी और ऑस्ट्रेलियाई विदेश मंत्री पेनी वोंग शामिल हुए। सभी देशों ने अंतरराष्ट्रीय कानून के तहत लाल सागर, बाब अल-मंडेब जलडमरूमध्य और होर्मुज जलडमरूमध्य में नौवहन अधिकारों की रक्षा करने की अपनी प्रतिबद्धता दोहराई।
समुद्री अभियानों की बात करें तो दूसरे 'क्वाड-एट-सी शिप ऑब्जर्वर मिशन' को सफलतापूर्वक पूरा कर लिया गया है। यह मिशन 25 सितंबर से 7 अक्टूबर तक भारतीय तटरक्षक जहाज पर चलाया गया था।
भविष्य की योजनाओं के तहत 'सी ड्रैगन 2027' के लिए 'इंडो-पैसिफिक मैरीटाइम सर्विलांस कोलैबोरेशन' अभ्यास तय किया गया है। इसके अलावा, क्वाड मैरीटाइम ट्रेनिंग इनिशिएटिव (MAITRI) के अंतर्गत 2027 की शुरुआत में पहले क्वाड मैरीटाइम डोमेन अवेयरनेस ट्रैक 1.5 सिम्पोजियम का आयोजन होगा।
अंतरराष्ट्रीय खतरों से निपटने के लिए क्वाड सदस्यों ने साइबर स्कैम नेटवर्क को खत्म करने का संकल्प लिया। उन्होंने विशेष रूप से मानव तस्करी और जबरन धोखाधड़ी से जुड़े समूहों की कड़ी निंदा की।
तकनीकी क्षेत्र में अमेरिका ने भारत और आसियान देशों में इलेक्ट्रॉनिक कचरे से महत्वपूर्ण खनिजों की रिकवरी के लिए 10 मिलियन डॉलर की सहायता देने की घोषणा की है। साथ ही, इंडो-पैसिफिक क्षेत्र में आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) की पहुंच बढ़ाने के लिए 85 मिलियन डॉलर से अधिक की तकनीकी और वित्तीय मदद दी जाएगी।
अमेरिकी विदेश मंत्री मार्को रूबियो ने बताया कि अगले महीने मनीला, फिलीपींस में क्वाड नेताओं का शिखर सम्मेलन आयोजित किया जाएगा।