रियाद एयरपोर्ट हमले में घायल एक और भारतीय ने ICU में दम तोड़ा, मृतक 14 हुए
रियाद के किंग खालिद इंटरनेशनल एयरपोर्ट पर हुए हमले में एक और भारतीय की मौत हो गई है। अब तक कुल 14 लोगों की जान जा चुकी है।

रियाद: किंग खालिद इंटरनेशनल एयरपोर्ट पर 10 अक्टूबर 2026 को हुए मिसाइल और ड्रोन हमले में घायल एक और भारतीय नागरिक की मौत हो गई है। रियाद स्थित भारतीय दूतावास ने 4 नवंबर 2026 को इस बात की पुष्टि की। घायल व्यक्ति करीब एक महीने तक गहन चिकित्सा इकाई (ICU) में भर्ती रहा, जिसके बाद उसने दम तोड़ दिया।
इस मौत के बाद हमले में जान गंवाने वालों की कुल संख्या बढ़कर 14 हो गई है। शुरुआती रिपोर्टों में 12 लोगों की मौत और 300 से अधिक के घायल होने की खबर थी, जिनमें 11 भारतीय शामिल थे। इस हमले के लिए यमन के ईरान समर्थित हूती विद्रोहियों को जिम्मेदार ठहराया गया है।
इस हादसे में जान गंवाने वाले पहले भारतीय की पहचान हैदराबाद के मेहदीपटनम निवासी 46 वर्षीय आईटी प्रोफेशनल मोहम्मद यूसुफ अली के रूप में हुई थी। अली अपनी पत्नी और तीन बच्चों के साथ उमराह के लिए मदीना जा रहे थे, तभी दोपहर करीब 3 बजे एयरपोर्ट पर यह हमला हुआ। उनके बेटों, 18 वर्षीय अमन और 16 वर्षीय वसी गंभीर रूप से घायल हुए थे, जिनमें से एक के पैर की उंगलियां कट गईं और दूसरे की घुटने की सर्जरी करनी पड़ी।
मोहम्मद यूसुफ अली का अंतिम संस्कार 12 अक्टूबर को रियाद में किया गया, जिसमें भारतीय राजदूत विपुल और दूतावास के कर्मचारी मौजूद थे। दूसरे मृतक भारतीय की पहचान परिवार की गोपनीयता बनाए रखने के लिए गुप्त रखी गई है। भारतीय दूतावास ने परिवार को शव भारत भेजने या रियाद में ही अंतिम संस्कार कराने में मदद करने का आश्वासन दिया है।
10 अक्टूबर के इस हमले में मारे गए 14 लोगों में चार सऊदी नागरिक और दस विदेशी नागरिक शामिल हैं। विदेशियों में दो भारतीय, दो बांग्लादेशी, एक अमेरिकी, एक मिस्र, एक जॉर्डन, एक सीरिया, एक फिलिस्तीन और एक सूडान का नागरिक था। सऊदी अधिकारियों ने इस घटना में कुल 309 लोगों के घायल होने का रिकॉर्ड दर्ज किया था।
फरवरी 2026 में अमेरिका, इजराइल और ईरान के बीच शुरू हुए संघर्ष के बाद से अब तक पश्चिम एशिया में लगभग 22 से 24 भारतीय नागरिक मारे जा चुके हैं, जिनमें 14 से 15 नाविक हैं। इस ताजा अपडेट से पहले सऊदी अरब के भीतर तीन भारतीयों की मौत की खबरें आई थीं। क्षेत्रीय तनाव के कारण फरवरी 2026 के अंत से अब तक 3 लाख से ज्यादा भारतीय वापस भारत लौट चुके हैं।
इसी बीच 21 अक्टूबर को दम्माम के किंग फहद इंटरनेशनल एयरपोर्ट पर हुए एक अलग हमले में उत्तर प्रदेश के गोरखपुर निवासी भारतीय ड्राइवर कमलेश पांडे की मौत हो गई थी। वहीं 2 नवंबर को ओमान के पास MSV अल जुसुफी जहाज पर हवाई हमले के बाद गुजरात के एक भारतीय नाविक गंधार नाहिम अजीज की जान चली गई।
विदेश मंत्री एस जयशंकर और विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता रणधीर जायसवाल ने इन हमलों की निंदा की है। उन्होंने तनाव कम करने और नागरिकों व शिपिंग लेन की सुरक्षा की मांग की है। यूएई, सऊदी अरब, ओमान, कतर और बहरीन में भारतीय राजनयिक मिशन प्रवासी भारतीयों को 24 घंटे सहायता प्रदान कर रहे हैं।