रियाद हमले के जवाब में सऊदी गठबंधन ने 136 हूती ठिकाने तबाह किए

रियाद: राजधानी के किंग खालिद इंटरनेशनल एयरपोर्ट पर हुए घातक हमले के बाद सऊदी अरब की अगुवाई वाले गठबंधन ने यमन में बड़े पैमाने पर सैन्य अभियान शुरू किया है। गठबंधन के प्रवक्ता मेजर जनरल तुर्की अल-माल्की ने शनिवार को बताया कि इस कार्रवाई में हूती विद्रोहियों के 136 ठिकानों को निशाना बनाया गया है।
हमले की शुरुआत गुरुवार को हुई थी। हूती विद्रोहियों की बैलिस्टिक मिसाइलों और ड्रोन ने एयरपोर्ट को निशाना बनाया और वहां खड़े एक सऊदिया विमान को भी नुकसान पहुंचाया। इस हमले में तीन सऊदी नागरिकों की मौत हो गई, जिनमें कैप्टन हमूद अली अलकलथामी भी शामिल हैं। कई अन्य लोग घायल हुए हैं।
हमले का असर सीधे हवाई यात्रियों पर पड़ा। यूएई की एयरलाइंस एमिरेट्स, इतिहाद, फ्लाईदुबई और एयर अरेबिया ने कई उड़ानें या तो रद्द कर दीं या स्थगित कर दीं। नतीजा यह हुआ कि बड़ी संख्या में यात्री एयरपोर्ट और आसपास फंस गए।
गठबंधन का मकसद और अभियान का दायरा
गठबंधन के मुताबिक इस अभियान का मकसद हूती विद्रोहियों की बैलिस्टिक मिसाइल क्षमता को खत्म करना है। यह कार्रवाई 'डॉन ऑफ यमन' नाम के अभियान के समर्थन में की जा रही है। गठबंधन का दावा है कि 24 घंटे के भीतर 1,400 से ज़्यादा हूती लड़ाके और सैकड़ों वाहन बेअसर किए गए हैं।
दूसरी तरफ हूती समर्थक मीडिया ने सादा और सना में हमलों की खबर दी है और कहा है कि इनमें आम नागरिक मारे गए हैं। इन दावों की स्वतंत्र पुष्टि अभी सामने नहीं आई है। यूएई, कतर और दूसरे खाड़ी देशों ने हमलों की निंदा करते हुए सऊदी अरब की संप्रभुता के समर्थन में बयान दिए हैं।
इसी बीच खाड़ी क्षेत्र का सुरक्षा संकट और गहरा होता दिख रहा है। ईरान की रिवॉल्यूशनरी गार्ड्स (IRGC) ने होर्मुज़