रियाद एयरपोर्ट पर हूती हमला: हाइल की बच्ची घायल, 12 की मौत

रियाद: इलाज के लिए रियाद पहुँची हाइल की एक छोटी बच्ची किंग खालिद अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे पर हुए हूती हमले में घायल हो गई। जिस बच्ची ने अपने इलाज के सिलसिले में राजधानी का रुख किया था, वही अब अस्पताल में है। शनिवार, 10 अक्टूबर 2026 को हुए इस हमले ने पूरे सऊदी अरब को हिला दिया है।
बच्ची ताइक्वांडो की चैंपियन है और अल-शबाब क्लब का प्रतिनिधित्व करती है। हवाई अड्डे पर हुए इस हमले में वह भी उन लोगों में शामिल थी जो चोटिल हुए। सऊदी सरकार के मुताबिक यह हमला उस सिलसिले की एक कड़ी है, जिसमें इस एयरपोर्ट को निशाना बनाने की घटनाएँ लगातार बढ़ती दिख रही हैं।
शनिवार को हुई मिसाइल की इस बौछार में 12 लोगों की जान चली गई और 309 लोग घायल हुए। मारे गए लोगों में चार सऊदी नागरिक, दो बांग्लादेशी, एक फ़िलिस्तीनी, एक अमेरिकी नागरिक, एक मिस्री, एक जॉर्डन का नागरिक, एक सीरियाई और एक सूडानी शामिल हैं। एक भारतीय नागरिक भी इस हमले में घायल हुआ था, जिसने रविवार, 11 अक्टूबर 2026 को इलाज के दौरान दम तोड़ दिया।
टर्मिनल 4 पर नई घटना, कूट-मिसाइल रोकी गई
हमले का सिलसिला यहीं नहीं रुका। रविवार, 11 अक्टूबर को एयरपोर्ट के टर्मिनल 4 पर एक अज्ञात प्रक्षेप्य आकर गिरा, जिससे और लोग घायल हुए और आग भी लग गई। उसी समय सऊदी वायु रक्षा प्रणाली ने एयरपोर्ट के पास एक क्रूज़ मिसाइल को हवा में ही मार गिराया। इससे साफ है कि हमलावरों का निशाना एक बार फिर वही इलाका था।
घायलों का हाल जानने पहुँचे सऊदी स्वास्थ्य मंत्री फहद अल-जलाजेल ने हाइल की उस बच्ची से भी मुलाकात की। उन्होंने पीड़ितों को दी जा रही चिकित्सा सेवा का निरीक्षण किया और इलाज के इंतज़ामों को देखा।
हमले की ज़िम्मेदारी ईरान समर्थित हूती विद्रोही गुट ने ली है। गुट के सैन्य प्रवक्ता ब्रिगेडियर जनरल यहया सारी ने चेतावनी दी कि नागरिक और एयरपोर्ट के कर्मचारी सऊदी हवाई अड्डों से दूर रहें। इस चेतावनी के बाद सऊदी जनरल अथॉरिटी ऑफ़ सिविल एविएशन (GACA) ने एयरपोर्ट का संचालन रोक दिया। बंदी रविवार रात कम से कम 9 बजे तक बढ़ाई गई। रियाद में स्कूलों ने गुरुवार तक ऑनलाइन पढ़ाई का रास्ता चुना है।
सऊदी नेतृत्व वाले गठबंधन के प्रवक्ता मेजर जनरल तुर्की अल-मालिकी ने इस हमले का कड़ा जवाब देने का वादा किया है। उधर, दुनिया भर से इस हमले की निंदा हुई है। संयुक्त राष्ट्र महासचिव एंटोनियो गुटेरेश ने कहा कि नागरिक ढांचे को निशाना बनाना अंतरराष्ट्रीय कानून का सीधा उल्लंघ