सऊदी अरब में 2025 में विदेशी निवेश 33.5% बढ़कर 159.1 अरब रियाल पहुंचा
सऊदी अरब में 2025 के दौरान विदेशी प्रत्यक्ष निवेश (FDI) में भारी उछाल आया है। कंस्ट्रक्शन और मैन्युफैक्चरिंग सेक्टर रहे सबसे आगे।

रियाद: सऊदी अरब में विदेशी प्रत्यक्ष निवेश (FDI) के प्रवाह में साल 2025 के दौरान जबरदस्त तेजी देखी गई है। जनरल अथॉरिटी फॉर स्टैटिस्टिक्स (GASTAT) द्वारा जारी आंकड़ों के मुताबिक, पिछले साल के मुकाबले विदेशी निवेश में 33.5 प्रतिशत की भारी बढ़ोतरी दर्ज की गई है।
आंकड़ों के अनुसार, साल 2025 में कुल विदेशी निवेश लगभग 159.1 अरब सऊदी रियाल तक पहुंच गया, जो 2024 में 119.2 अरब रियाल था। वहीं, किंगडम में विदेशी प्रत्यक्ष निवेश का कुल स्टॉक 8.3 प्रतिशत बढ़ा और एक ट्रिलियन रियाल के आंकड़े को पार करते हुए 1,058.8 अरब रियाल पर पहुंच गया है।
साल 2025 के लिए शुद्ध FDI प्रवाह 81.4 अरब रियाल रहा। यह 2024 में दर्ज किए गए 80 अरब रियाल के मुकाबले 1.7 प्रतिशत की वृद्धि दर्शाता है।
निवेश के मामले में कंस्ट्रक्शन सेक्टर सबसे आगे रहा, जिसने 34.5 अरब रियाल का निवेश आकर्षित किया। यह कुल निवेश का 21.7 प्रतिशत है। इसके बाद मैन्युफैक्चरिंग सेक्टर में 33.4 अरब रियाल (21 प्रतिशत) और प्रशासनिक व सहायता सेवाओं में 22.4 अरब रियाल (14.1 प्रतिशत) का निवेश आया।
अधिकारियों ने इस बढ़त का श्रेय सऊदी विजन 2030 के तहत किए गए ढांचागत और आर्थिक सुधारों को दिया है। निवेश के माहौल को बेहतर बनाने के लिए निवेश मंत्रालय विभिन्न सरकारी संस्थाओं के साथ मिलकर काम कर रहा है।
लंबे समय के आंकड़ों पर नजर डालें तो 2017 के बाद से FDI प्रवाह में पांच गुना से अधिक की वृद्धि हुई है और संचित निवेश स्टॉक दोगुना हो गया है। 2017 से 2025 की अवधि के दौरान, निवेश प्रवाह की चक्रवृद्धि वार्षिक वृद्धि दर (CAGR) 24 प्रतिशत और कुल निवेश स्टॉक की CAGR 10 प्रतिशत रही है।