सऊदी अरब का बड़ा कदम, जेद्दा में बहुराष्ट्रीय समुद्री रक्षा गठबंधन ने संभाला मोर्चा

Nura Basta19 September 20263 min read26 viewsSaudi
सऊदी अरब का बड़ा कदम, जेद्दा में बहुराष्ट्रीय समुद्री रक्षा गठबंधन ने संभाला मोर्चा

सऊदी अरब के जेद्दा शहर से एक बहुत बड़ी खबर सामने आई है, जहाँ अंतरराष्ट्रीय समुद्री सुरक्षा को मजबूत करने के लिए बनाई गई Multinational Maritime Defense Coalition (MMDC) ने अपने शुरुआती ऑपरेशनल चरण यानी Initial Operational Capability (IOC) को आधिकारिक तौर पर हासिल कर लिया है। इस बात की जानकारी शुक्रवार, 19 सितंबर 2026 को दी गई, जो कि गुरुवार, 18 सितंबर 2026 को जेद्दा में हुई चौथी प्लानिंग मीटिंग के तुरंत बाद आई है। इस बड़े बदलाव के बाद अब यह गठबंधन अपनी शुरुआती स्थापना के दौर को पार करके सीधे सक्रिय रूप से काम करने के मैदान में उतर चुका है, जिससे समंदर में होने वाली किसी भी तरह की गड़बड़ी या खतरे पर कड़ी नजर रखी जा सकेगी।

मेजर जनरल अब्दुल्ला अल-शहरी ने किया बड़ा ऐलान

गठबंधन के कमांडर Major General Abdullah Al-Shahri ने इस ऐतिहासिक मील के पत्थर की घोषणा करते हुए साफ शब्दों में कहा कि उनका संगठन अंतरराष्ट्रीय समुद्री सुरक्षा को खतरे में डालने वाली हर एक चुनौती से निपटने के लिए पूरी तरह तैयार है। उन्होंने इस बात पर खास जोर दिया कि दुनिया भर के जलमार्गों और समुद्रों की सुरक्षा करना किसी एक देश का काम नहीं है, बल्कि यह हम सबकी साझा जिम्मेदारी है। अल-शहरी ने यह भी पक्का किया कि अब यह गठबंधन सभी शामिल देशों की ताकतों और क्षमताओं को एक साथ जोड़ेगा ताकि एक ही जगह से कमांड दी जा सके और हर समय पूरी तैयारी बनी रहे। सऊदी रक्षा मंत्रालय ने भी इस बात की पुष्टि की है कि जेद्दा में हुई यह बैठक गठबंधन को पूरी तरह से काम करने लायक बनाने की दिशा में सबसे बड़ा कदम साबित हुई है।

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शुरुआत में थे 14 देश, अब 41 देशों का मिला साथ

आपको बता दें कि यह मिलिट्री गठबंधन जुलाई 2026 में केवल 14 देशों के साथ मिलकर शुरू हुआ था, लेकिन बहुत ही कम समय में इसका दायरा काफी ज्यादा बढ़ गया है। हाल ही में हुई इस प्लानिंग बैठक में कुल 41 देशों के प्रतिनिधियों ने हिस्सा लिया, जिससे इस संगठन की ताकत और ज्यादा बढ़ गई है। इसके अलावा, यूरोपीय संघ यानी European Union के प्रतिनिधि भी इस बैठक में शामिल हुए और गठबंधन के चल रहे कामों पर खुलकर चर्चा की। इस समय यह पूरा संगठन अपने सदस्य देशों के कुल 28 liaison officers के जरिए अपने मिशन को आगे बढ़ा रहा है। इस मिशन का मुख्य उद्देश्य Gulf of Aden, Bab el-Mandeb Strait और Red Sea यानी लाल सागर में आने-जाने वाले जहाजों की सुरक्षा और संरक्षा को पूरी तरह से सुरक्षित रखना है।

मुख्यालय सऊदी अरब में और पाकिस्तान के कमोडोर संभाल रहे कमान

मेजर जनरल अल-शहरी के साथ-साथ पाकिस्तान के डिप्टी कमांडर Commodore Rashid Sheikh भी इस गठबंधन की अगुवाई कर रहे हैं। यह पूरा संगठन जानकारी साझा करने और समंदर में आने वाले खतरों का मिलकर जवाब देने के बेहतरीन तरीके पर काम कर रहा है। सऊदी अरब में अपना मुख्यालय बनाने और इसी साल सितंबर के शुरुआती दिनों में अपने काम की शुरुआत करने के बाद, अब यह गठबंधन अपने तय किए गए समुद्री क्षेत्र में अपनी शारीरिक मौजूदगी दर्ज कराने की आखिरी तैयारियों में जुटा हुआ है। यह सारी कार्रवाई पूरी तरह से अंतरराष्ट्रीय कानून के दायरे में रहकर की जा रही है ताकि समंदर में व्यापार करने वाले जहाजों को किसी भी तरह की परेशानी का सामना न करना पड़े।

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