Saudi Arabia Musaned Update: सऊदी में घरेलू कामगारों की सैलरी ट्रैक करना हुआ आसान, नया नियम लागू।

सऊदी अरब में घरेलू कामगारों और उनके नियोक्ताओं के लिए काम की खबर सामने आई है। सऊदी सरकार ने घरेलू कामगारों की सैलरी के भुगतान में पूरी पारदर्शिता लाने के लिए एक बड़ा कदम उठाया है। सऊदी अरब के Ministry of Human Resources and Social Development (HRSD) ने अपने आधिकारिक Musaned प्लेटफॉर्म में Domestic Worker Salaries ट्रैकिंग सर्विस को जोड़ा है। इस नई इलेक्ट्रॉनिक सुविधा के आने से अब घरेलू कामगारों को मिलने वाले वेतन का पूरा हिसाब किताब साफ रहेगा और किसी भी तरह की गड़बड़ी की गुंजाइश नहीं बचेगी।
Musaned प्लेटफॉर्म पर कैसे काम करती है यह नई सैलरी ट्रैकिंग सर्विस
यह नई इलेक्ट्रॉनिक सेवा 8 सितंबर 2026 को शुरू की गई थी। इसके जरिए नियोक्ता यानी कंपनी या घर के मालिक अप्रूव्ड बैंक या डिजिटल वॉलेट चैनलों के माध्यम से हर महीने की सैलरी ट्रांसफर कर सकते हैं। सैलरी ट्रांसफर होने के बाद इसके सारे रिकॉर्ड अपने आप Musaned सिस्टम में अपडेट हो जाते हैं। सऊदी सरकार ने पहले ही 1 जनवरी 2026 से सभी घरेलू नियोक्ताओं के लिए इलेक्ट्रॉनिक सैलरी ट्रांसफर करना अनिवार्य कर दिया था। अब इस नए ट्रैकिंग इंटरफेस के आ जाने से सैलरी के वेरिफिकेशन और कागजी कार्रवाई का प्रोसेस बहुत आसान हो गया है। इस नियम का असर घर में काम करने वाले कई तरह के कर्मचारियों पर पड़ेगा, जिनमें मेड, घरेलू हेल्पर, कुक और ड्राइवर शामिल हैं। इस मुफ्त और तुरंत मिलने वाली सर्विस का इस्तेमाल करने के लिए नियोक्ताओं के पास एक्टिव मुसनद अकाउंट होना जरूरी है। इसके अलावा कामगारों के पास वैध इकामा होना अनिवार्य बताया गया है।
भारतीय कामगारों के लिए क्या हैं जरूरी दिशा-निर्देश
सऊदी अरब में रहने वाले भारतीय कामगारों के लिए यह डिजिटल रिकॉर्ड बहुत काम की चीज साबित होंगे। अगर किसी को सैलरी मिलने में देरी होती है, कॉन्ट्रैक्ट तोड़ा जाता है या वेतन से जुड़ा कोई विवाद होता है, तो ये डिजिटल रिकॉर्ड पुख्ता सबूत के तौर पर काम आएंगे। भारतीय दूतावास रियाद के नियमों के मुताबिक, महिला घरेलू कामगारों की उम्र कम से कम 30 वर्ष होनी चाहिए और उनकी न्यूनतम मासिक सैलरी SR 1,500 तय की गई है। इसके अलावा नियोक्ताओं को भारतीय दूतावास या जेद्दा स्थित भारत के महावाणिज्य दूतावास के पास US$2,500 की बैंक गारंटी जमा करानी होती है। कामगारों की भर्ती हमेशा तय कानूनी चैनलों के माध्यम से ही की जानी चाहिए, जिसमें eMigrate सिस्टम भी शामिल है।
मदद और शिकायत के लिए कहां संपर्क करें
कामगारों को सलाह दी जाती है कि वे अपने मोबाइल नंबर को अपनी रेजिडेंसी यानी इकामा से जरूर जोड़ कर रखें। इसके अलावा बैंक खातों और डिजिटल वॉलेट पर अपना खुद का पूरा नियंत्रण रखें ताकि पैसों के लेन-देन में कोई दिक्कत न आए। यदि किसी महीने समय पर सैलरी नहीं मिलती है, तो कामगार सीधे रियाद स्थित भारतीय दूतावास की कम्युनिटी वेलफेयर विंग से संपर्क कर सकते हैं। इसके लिए आप फोन नंबर 00-966-11-4884697 पर कॉल कर सकते हैं या फिर टोल-फ्री हेल्पलाइन नंबर 800 247 1234 का उपयोग कर सकते हैं। इसके अलावा व्हाट्सएप नंबर 00-966-542126748, ईमेल आईडी [email protected] या फिर MADAD portal के जरिए भी सहायता प्राप्त की जा सकती है। बैंक स्टेटमेंट और मुसनद के रिकॉर्ड जैसे कागजी सबूत किसी भी नौकरी से जुड़े विवाद को सुलझाने के लिए बहुत जरूरी होते हैं।