सऊदी अरब में कुशल प्रवासियों के लिए खुशखबरी, वर्क परमिट के साथ मिलेगा फैमिली वीजा

सऊदी अरब में काम करने वाले उच्च कुशल प्रवासियों (Highly Skilled Expatriates) के लिए एक बड़ी राहत की खबर आई है। सऊदी अरब के आंतरिक मंत्रालय ने एक नई और सरल प्रक्रिया शुरू की है, जिसके तहत अब योग्य प्रवासी अपने वर्क वीजा की प्रक्रिया के साथ-साथ अपने परिवार के सदस्यों के लिए भी एंट्री वीजा प्राप्त कर सकेंगे। इस कदम का उद्देश्य वैश्विक स्तर की प्रतिभाओं को सऊदी अरब की ओर आकर्षित करना है, जो कि 'सऊदी विजन 2030' के व्यापक ढांचे का एक अहम हिस्सा है।
इस नई व्यवस्था को लागू करने के लिए आंतरिक मंत्रालय ने विदेश मंत्रालय और मानव संसाधन एवं सामाजिक विकास मंत्रालय के साथ तालमेल बिठाया है। यह बदलाव उस स्किल-आधारित वर्क परमिट सिस्टम का हिस्सा है, जो 2026 से पूरी तरह प्रभावी हो चुका है। इस नई नीति के तहत, उन लोगों को 'हाई-स्किल्ड' श्रेणी में रखा गया है जिनके पास स्नातक (Bachelor's degree) या उससे उच्च डिग्री है, कम से कम पांच साल का पेशेवर अनुभव है और जिनका मासिक वेतन 15,000 सऊदी रियाल या उससे अधिक है। ऐसे पेशेवरों को अब स्पॉन्सरशिप और परिवार के प्रबंधन में काफी लचीलापन मिलेगा।
परिवार के सदस्यों के लिए काम करने के नए अवसर
वीजा सुधारों के साथ-साथ, मानव संसाधन एवं सामाजिक विकास मंत्रालय ने एक और महत्वपूर्ण नीति पेश की है। अब उन योग्य जीवनसाथी और वयस्क बच्चों को भी वर्क परमिट लेने की अनुमति होगी, जिनके पास फैमिली-स्पॉन्सर्ड इकामा (Iqama) है। यह पहले के श्रम बाजार प्रतिबंधों की तुलना में एक बड़ा बदलाव है, जिससे प्रवासी परिवारों को आर्थिक रूप से और अधिक मजबूती मिलेगी।
प्रशासन ने इन सभी प्रक्रियाओं को डिजिटल बनाने पर जोर दिया है। आवेदनकर्ताओं को सलाह दी गई है कि वे Absher, Qiwa और विदेश मंत्रालय के पोर्टल जैसे एकीकृत डिजिटल प्लेटफॉर्म का उपयोग करें। पहचान सत्यापन के लिए नफाथ (Nafath) सिस्टम का इस्तेमाल किया जाएगा ताकि पूरी प्रक्रिया पारदर्शी और तेज हो सके।
हालांकि, सरकार ने जहां सुविधाओं को बढ़ाया है, वहीं नियमों के उल्लंघन पर सख्ती भी की है। अधिकारियों ने चेतावनी दी है कि यदि कोई स्व-नियोजित प्रवासी वीजा नियमों का उल्लंघन करता पाया गया, तो उसे 50,000 सऊदी रियाल तक का जुर्माना भरना पड़ सकता है और उसे देश से निकाला (Deport) भी जा सकता है। इसके अलावा, जो नियोक्ता अपने कर्मचारियों को स्पॉन्सरशिप के बाहर काम करने की अनुमति देंगे, उन पर 100,000 सऊदी रियाल तक का जुर्माना और जेल की सजा हो सकती है।