सऊदी अरब की UN में कड़ी चेतावनी, लाल सागर में हूती हमलों से वैश्विक व्यापार को बड़ा खतरा.

Nura Basta16 September 20262 min read24 viewsSaudi
सऊदी अरब की UN में कड़ी चेतावनी, लाल सागर में हूती हमलों से वैश्विक व्यापार को बड़ा खतरा.

सऊदी अरब ने संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद में लाल सागर और बाब अल-मंदाब जलडमरूमध्य में हो रही घटनाओं को लेकर अपनी गंभीर चिंता जाहिर की है। देश के आधिकारिक प्रतिनिधि ने साफ शब्दों में बताया कि इन जलमार्गों पर लगातार हो रहे खतरे पूरी दुनिया के व्यापार और सप्लाई चेन को बुरी तरह प्रभावित कर रहे हैं। इस अहम बैठक के दौरान समुद्री नेविगेशन सुरक्षा के मुद्दों पर विस्तार से चर्चा की गई और वैश्विक स्तर पर मिलकर काम करने की जरूरत पर जोर दिया गया।

अंतरराष्ट्रीय व्यापार के लिए साझा जिम्मेदारी

सऊदी अरब के संयुक्त राष्ट्र में स्थायी प्रतिनिधि डॉ. अब्दुलअजीज अल-वासिल ने यूएन सुरक्षा परिषद के सत्र में बोलते हुए कहा कि समुद्र के रास्तों की सुरक्षा करना केवल किसी एक देश की जिम्मेदारी नहीं है, बल्कि यह पूरी दुनिया की साझी जिम्मेदारी है। उन्होंने उन हमलों की कड़ी निंदा की जो सीधे तौर पर सऊदी अरब और व्यावसायिक जहाजों को निशाना बनाते हैं। इन हमलों से न केवल क्षेत्रीय शांति भंग हो रही है बल्कि वैश्विक स्तर पर सामानों की आवाजाही पर भी संकट के बादल मंडरा रहे हैं।

GulfHindi की हर खबर सबसे पहलेJoin

राष्ट्रीय सुरक्षा और रक्षात्मक कदम

बैठक में यह भी स्पष्ट किया गया कि सऊदी अरब अपनी राष्ट्रीय सुरक्षा की रक्षा करने का पूरा अधिकार रखता है। देश की सुरक्षा को मजबूत करने और नेविगेशन की स्वतंत्रता को बनाए रखने के लिए एक बहुराष्ट्रीय रक्षात्मक समुद्री गठबंधन का गठन किया गया है। यह गठबंधन क्षेत्र में सुरक्षा बढ़ाने और वाणिज्यिक जहाजों को सुरक्षित रास्ता देने के लिए लगातार काम कर रहा है ताकि वैश्विक व्यापार बिना किसी रुकावट के चलता रहे।

यमन संकट का राजनीतिक समाधान

सैन्य और सुरक्षा उपायों के अलावा सऊदी अरब ने यमन संघर्ष के शांतिपूर्ण समाधान पर भी जोर दिया। देश ने यमन की संप्रभुता, एकता और क्षेत्रीय अखंडता का पूरा समर्थन करने की अपनी प्रतिबद्धता को दोहराया। सऊदी प्रतिनिधियों ने बातचीत और राजनीतिक रास्तों से इस विवाद को सुलझाने की बात कही ताकि क्षेत्र में स्थायी शांति स्थापित हो सके और आम नागरिकों को राहत मिल सके। सत्र के अंत में अंतरराष्ट्रीय समुदाय से यह अपील की गई कि वे आगे आएं और वैश्विक व्यापार मार्गों को सुरक्षित रखने के लिए कड़े कदम उठाएं।

Share:

Comments

Leave a comment