सऊदी ने प्रवासियों के लिए बदला नियम, ख़त्म इकामा और मिल गई नौकरी तो 1 साल की जेल आज से तय

रियाद: सऊदी अरब के गृह मंत्रालय (Ministry of Interior) ने सोमवार को उन कंपनियों और प्रतिष्ठानों (Establishments) के लिए बेहद सख्त चेतावनी जारी की है, जो सऊदी नियमों का उल्लंघन कर प्रवासी कामगारों को नौकरी पर रखते हैं। यह चेतावनी उन सभी बिज़नेस मालिकों और मैनेजरों के लिए बेहद अहम है, जो अपने वर्कफोर्स को लेकर पूरी तरह सावधान नहीं हैं।
किन गलतियों पर होगी कार्रवाई?
मंत्रालय के मुताबिक, यह चेतावनी इन तीन तरह की गड़बड़ियों को कवर करती है:
- ऐसे प्रवासियों को नौकरी देना जो रेजिडेंसी (इक़ामा) या लेबर नियमों का उल्लंघन कर रहे हों
- अपने कर्मचारियों को अपने खुद के अकाउंट से या किसी और के लिए काम करने की इजाज़त देना
- ऐसे कामगारों को नौकरी पर रखना, जो किसी और नियोक्ता (एम्प्लॉयर) के नाम पर रजिस्टर्ड हों
सज़ा कितनी सख्त है?
- कंपनी पर जुर्माना: अधिकतम 1,00,000 सऊदी रियाल — और सबसे अहम बात, यह जुर्माना शामिल कामगारों की संख्या से गुणा करके लगाया जाएगा, यानी जितने ज़्यादा वर्कर, उतना बड़ा जुर्माना
- ज़िम्मेदार मैनेजर के लिए: 1 साल तक की जेल
- अगर मैनेजर विदेशी (एक्सपैट) निकला: जेल की सज़ा के साथ-साथ सऊदी अरब से निर्वासन (Deportation) भी होगा
- भर्ती पर प्रतिबंध: प्रतिष्ठान को 5 साल तक नए विदेशी कामगार भर्ती करने से रोका जा सकता है
- पब्लिक शेमिंग: उल्लंघन करने वाली कंपनी का नाम खुद के खर्च पर सार्वजनिक तौर पर प्रकाशित किया जाएगा — यानी बिज़नेस की साख को सीधा नुकसान

आम जनता से भी मांगी गई मदद
गृह मंत्रालय ने आम लोगों से भी अपील की है कि वे रेजिडेंसी, लेबर और बॉर्डर सिक्योरिटी नियमों के उल्लंघन के खिलाफ चल रही मुहिम में सहयोग करें। मंत्रालय ने साफ कहा —
"किसी भी उल्लंघनकर्ता को नौकरी न दें, शरण न दें, ट्रांसपोर्ट न करें और छुपाएं भी नहीं।"
कहां और कैसे करें शिकायत?
अगर आपको किसी भी तरह की गड़बड़ी की जानकारी है, तो आप बेझिझक रिपोर्ट कर सकते हैं:
- मक्का, मदीना, रियाद और ईस्टर्न प्रोविंस में — 911 पर कॉल करें
- बाकी सभी क्षेत्रों में — 999 पर कॉल करें
⚠️ मंत्रालय ने भरोसा दिलाया है कि हर रिपोर्ट को पूरी गोपनीयता के साथ हैंडल किया जाएगा, और शिकायत करने वाले व्यक्ति को उल्लंघन का ज़िम्मेदार नहीं ठहराया जाएगा।
प्रवासियों और बिज़नेस मालिकों के लिए क्यों अहम है यह खबर?
यह चेतावनी सऊदी अरब की उस लगातार चल रही मुहिम का हिस्सा है, जिसके तहत सरकार लेबर मार्केट को साफ-सुथरा और पारदर्शी बनाना चाहती है। कफ़ाला सिस्टम खत्म होने के बाद भी, वर्क परमिट पर दर्ज नियोक्ता के अलावा किसी और के लिए काम करना अब भी सख्त उल्लंघन माना जाता है। जो प्रवासी सोचते हैं कि वे "साइड में" कोई और काम कर लेंगे, या जो नियोक्ता अपने वर्कर को दूसरी जगह "उधार" देकर कमाई करते हैं — दोनों के लिए यह एक साफ चेतावनी है कि पकड़े जाने पर नतीजे बेहद गंभीर होंगे।