सऊदी अरब: हूती मिसाइल हमला नाकाम, खमीस मुशैत एयरबेस निशाने पर

रियाद: सऊदी अरब में हूती विद्रोहियों के सैन्य हमलों का सिलसिला एक बार फिर तेज़ हो गया है। 12 अक्टूबर को सऊदी अरब के नेतृत्व वाले गठबंधन ने बताया कि उसने खमीस मुशैत एयरबेस की ओर दागी गईं दो बैलिस्टिक मिसाइलों को हवा में ही नष्ट कर दिया। गठबंधन के प्रवक्ता मेजर जनरल तुर्की अल-मालिकी ने इसकी जानकारी दी।
यह घटना ऐसे समय में हुई है जब पूरे क्षेत्र में हालात तेज़ी से बिगड़ते दिख रहे हैं। हूती सैन्य प्रवक्ता यहिया सारी ने उसी समय खमीस मुशैत बेस पर ड्रोन हमलों और राजधानी रियाद के किंग खालिद अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे पर बैलिस्टिक मिसाइल हमले की जिम्मेदारी ली है। यानी एक ही वक्त पर कई मोर्चों पर हमले की कोशिश की गई।
खमीस मुशैत की घटना से पहले भी गठबंधन सेना ने रियाद की ओर आ रही एक बैलिस्टिक मिसाइल और पूर्वी प्रांत में एक ड्रोन को रोकने का दावा किया था। इससे पहले 10 अक्टूबर को किंग खालिद अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे पर हुए हमले में 12 लोगों की मौत और 300 से ज़्यादा लोगों के घायल होने की खबर है। अगले दिन, 11 अक्टूबर को हुए एक हमले में एक पाकिस्तानी नागरिक की जान गई, जबकि 11 अन्य लोग घायल हुए।
हवाई यातायात पर असर और चेतावनियां
लगातार बने खतरे को देखते हुए किंग खालिद अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे को हवाई यातायात के लिए बंद कर दिया गया है। इसके लिए जारी नोटम (NOTAM) 17 अक्टूबर तक प्रभावी रहने की बात कही गई है। वहीं सऊदी सिविल डिफेंस ने पास के शहर अबहा के लिए चेतावनी जारी की थी, जिसे बाद में वापस ले लिया गया।
दूसरी ओर, हूती नेतृत्व का कहना है कि यह सब उसकी जवाबी कार्रवाई है। उनका दावा है कि सऊदी अरब ने हूती नियंत्रित इलाकों में नागरिक ठिक