सऊदी अरब ने हूती बलों की बैलिस्टिक मिसाइल को मार गिराया, यमन में भीषण जंग जारी
सऊदी गठबंधन ने हूती बलों द्वारा दागी गई बैलिस्टिक मिसाइल को नष्ट किया। यमन में 'ऑपरेशन डॉन ऑफ यमन' के तहत भारी गोलाबारी जारी है।

रियाद: सऊदी नेतृत्व वाले गठबंधन ने सोमवार, 2 नवंबर 2026 को हूती बलों द्वारा सऊदी अरब के दक्षिणी क्षेत्र की ओर दागी गई एक बैलिस्टिक मिसाइल को सफलतापूर्वक इंटरसेप्ट कर नष्ट कर दिया। यह कार्रवाई ऐसे समय में हुई है जब यमन में संघर्ष एक बार फिर तेज हो गया है।
इससे पहले रविवार शाम को ड्रोन हमले की खबर आई थी, जिसके बाद खमिस मुशैत, अबहा, ताइफ़ और नजरान में नागरिक रक्षा अधिकारियों ने आपातकालीन अलर्ट जारी किए थे। बाद में इन अलर्ट्स को हटा लिया गया।
जवाब में सऊदी गठबंधन ने होदेइदा प्रांत के बाजिल जिले में एक तेल सुविधा और लाल सागर के रस इस्सा बंदरगाह पर सटीक हवाई हमले किए। हूती स्वास्थ्य मंत्रालय के प्रवक्ता अनीस अलसबाही ने बताया कि इन हमलों में सात लोग घायल हुए हैं। उन्होंने इसे अंतरराष्ट्रीय मानवीय कानून का खुला उल्लंघन करार दिया है।
दूसरी ओर, हूती विद्रोहियों और अंतरराष्ट्रीय स्तर पर मान्यता प्राप्त यमन सरकार की सेना के बीच जमीनी लड़ाई और भीषण हो गई है। सरकारी सेना वर्तमान में उत्तरी प्रांत अल-जौफ में अपने खोए हुए इलाकों को वापस पाने की कोशिश कर रही है।
यमन सेना के प्रवक्ता माजिद अल-नुज़ैली के मुताबिक, 'ऑपरेशन डॉन ऑफ यमन' के तहत पिछले 24 घंटों में 1,272 अलग-अलग ऑपरेशन चलाए गए। सेना का दावा है कि इस दौरान लगभग 500 हूती लड़ाकों और फील्ड कमांडरों को ढेर कर दिया गया है। प्रवक्ता ने कहा कि इन ऑपरेशनों के दौरान नागरिकों और बुनियादी ढांचे की सुरक्षा का पूरा ध्यान रखा जा रहा है।
गठबंधन के प्रवक्ता मेजर जनरल तुर्की अल-मलिकी ने मिसाइल को नष्ट करने की पुष्टि की और यमन सरकार को समर्थन देने की प्रतिबद्धता दोहराई।
हिंसा में यह उछाल 2022 से चली आ रही सापेक्ष शांति के खत्म होने के बाद आया है। इस ताजा टकराव के कारण अब तक हजारों लोग हताहत हो चुके हैं और 2.5 लाख से अधिक लोग विस्थापित हुए हैं।