Saudi Arabia: सऊदी अरब में बड़ा एक्शन, एक हफ्ते में 14,800 से ज्यादा अवैध प्रवासी गिरफ्तार.

सऊदी अरब में प्रशासन लगातार नियमों को तोड़ने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई कर रहा है। हाल ही में सऊदी अरब के Ministry of Interior ने एक बड़ा आंकड़ा जारी किया है, जिससे पता चलता है कि देश में अवैध रूप से रहने और काम करने वालों पर शिकंजा कस दिया गया है। सऊदी प्रेस एजेंसी के अनुसार, पूरे देश में चलाए गए संयुक्त अभियानों के दौरान हजारों लोगों को पकड़ा गया है। यह कार्रवाई उन लोगों के लिए एक बड़ी चेतावनी है जो बिना वैध दस्तावेजों के देश में रह रहे थे या काम कर रहे थे।
अभियान में पकड़े गए 14,800 से ज्यादा लोग
सऊदी अरब के गृह मंत्रालय की तरफ से दी गई जानकारी के मुताबिक, यह संयुक्त फील्ड अभियान 3 सितंबर 2026 से 9 सितंबर 2026 के बीच देश के अलग-अलग हिस्सों में चलाए गए थे। इन छह दिनों के भीतर कुल 14,800 लोगों को हिरासत में लिया गया। इनमें रेजिडेंसी यानी इकामा नियमों का उल्लंघन करने वाले 7,500 लोग शामिल थे। इसके अलावा बॉर्डर सुरक्षा नियमों को तोड़ने के जुर्म में 3,800 लोगों को और लेबर लॉ यानी श्रम कानूनों का उल्लंघन करने पर 3,500 लोगों को पकड़ा गया। इस तरह से अलग-अलग श्रेणियों में नियमों को ताक पर रखने वालों पर एक साथ बड़ी कार्रवाई की गई।
हजारों लोगों को किया गया देश से बाहर
पकड़े गए लोगों के खिलाफ कानूनी प्रक्रिया तेजी से पूरी की जा रही है। अधिकारियों ने बताया कि इस सख्त कार्रवाई के बाद अब तक 12,000 से ज्यादा उल्लंघनकर्ताओं को उनके देश वापस डिपोर्ट किया जा चुका है। इसके अलावा 18,700 लोगों को उनके संबंधित राजनयिक मिशनों यानी एंबेसी में भेजा गया है ताकि वे अपने यात्रा दस्तावेज यानी ट्रैवल डॉक्यूमेंट्स तैयार करवा सकें। वहीं, 3,500 लोगों को यात्रा की अन्य व्यवस्थाएं पूरी करने के लिए भेजा गया है। वर्तमान में 30,000 से ज्यादा ऐसे लोग हैं जिन पर कानूनी प्रक्रिया चल रही है, और इस समूह में 1,728 महिलाएं भी शामिल हैं।
घुसपैठ की कोशिशें नाकाम और भारी जुर्माना
बॉर्डर सुरक्षा बलों ने देश की सीमा पार करने की अवैध कोशिशों को भी नाकाम कर दिया। गैरकानूनी तरीके से सऊदी अरब में घुसने की कोशिश करते हुए 1,273 लोगों को गिरफ्तार किया गया। पकड़े गए इन लोगों में से 44% यमनी नागरिक और 55% इथियोपियाई नागरिक थे। इसके अलावा 25 लोगों को सऊदी अरब से बाहर अवैध रूप से सीमा पार करने की कोशिश करते पकड़ा गया। इतना ही नहीं, नियमों का उल्लंघन करने वालों को शरण देने, उनकी मदद करने, उन्हें लाने-ले जाने या काम पर रखने के आरोप में 21 लोगों को भी हिरासत में लिया गया है।
गृह मंत्रालय ने स्पष्ट किया है कि अवैध प्रवासियों की मदद करना एक गंभीर अपराध है और इससे विश्वासघात माना जाता है। ऐसा करने वालों को 15 साल तक की कैद, एक मिलियन सऊदी रियाल तक का जुर्माना, और अपराध में इस्तेमाल होने वाली संपत्ति या वाहनों की जब्ती जैसी कड़ी सजा मिल सकती है। साथ ही सार्वजनिक रूप से नाम भी उजागर किया जाएगा। प्रशासन ने आम जनता से अपील की है कि मक्का, मदीना, रियाद और पूर्वी प्रांतों में आपातकालीन नंबर 911 पर और बाकी सभी क्षेत्रों में 999 या 996 पर कॉल करके किसी भी उल्लंघन की सूचना तुरंत दें।