Donald Trump Resort Damage: स्कॉटलैंड के गोल्फ रिसॉर्ट में तोड़फोड़ मामले में 7 लोगों पर चला केस

स्कॉटलैंड में पूर्व अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के गोल्फ रिसॉर्ट में हुई तोड़फोड़ के मामले में एक बड़ा अपडेट सामने आया है। इस घटना को लेकर 7 लोगों पर आपराधिक नुकसान पहुंचाने के आरोप तय किए गए हैं। यह घटना 8 मार्च 2025 को हुई थी, जिसमें आरोपियों ने रिसॉर्ट में घुसकर भारी तोड़फोड़ की थी और हरे-भरे मैदानों को नुकसान पहुंचाया था। इस मामले की सुनवाई अब अदालत में शुरू होने जा रही है और प्रशासन इस पर कड़ी कानूनी कार्रवाई की तैयारी कर रहा है।
अदालत में पेशी और आतंकवाद से जुड़े आरोप
आरोपियों की पहचान Kieran Robson (35), Uzma Bashir (56), Ricky Southall (34), Autumn Taylor Ward (22), Rebecca Sian Davies (29), John Moxley (58), और Dylan Chiaramello (24) के रूप में हुई है। इन सभी को ग्लासगो की हाई कोर्ट में 31 अगस्त 2026 को पेश किया जाना है। सरकारी वकीलों का यह तर्क है कि इस अपराध का संबंध Palestine Action संगठन से था, जिसके कारण कोर्ट इन पर सामान्य नुकसान के बजाय आतंकवाद से जुड़ी सख्त सजाएं सुना सकता है, भले ही सीधे तौर पर कोई आतंकवाद का आरोप न लगाया गया ہو।
घटना के पीछे की मुख्य बातें और राजनीतिक हलचल
बीते साल 8 मार्च 2025 को एक्टिविस्ट्स ने टर्नबेरी गोल्फ रिसॉर्ट में पहुंचकर 'फ्री गाजा' और 'फ्री फिलिस्तीन' जैसे नारे स्प्रे पेंट से लिखे थे। इसके अलावा मैदान की घास को भी उखाड़ दिया गया था। इस घटना के तुरंत बाद पूर्व राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने ट्रुथ सोशल पर इन सभी को आतंकवादी करार दिया था और तत्कालीन प्रधानमंत्री कीर स्टार्मर के साथ फोन पर दो बार बातचीत भी की थी। यूके सरकार ने 5 जुलाई 2025 को आतंकवाद अधिनियम 2000 के तहत इस संगठन को प्रतिबंधित कर दिया था। हालांकि फरवरी 2026 में निचली अदालत ने इस प्रतिबंध को गैरकानूनी बताया था, लेकिन 16 जून 2026 को यूके कोर्ट ऑफ अपील ने इस प्रतिबंध को वैध ठहरा दिया था।
अंतर्राष्ट्रीय प्रतिबंध और मानवाधिकार संगठनों की प्रतिक्रिया
इस मामले में अमेरिकी प्रशासन भी सख्त कदम उठा चुका है। अमेरिकी ट्रेजरी विभाग ने 26 अगस्त 2026 को इस समूह को ट्रांसनेशनल टेरर ग्रुप घोषित कर दिया था, जिसके तहत इसके फंड और संपत्तियों को फ्रीज करने के आदेश दिए गए और अमेरिकी नागरिकों या कंपनियों के लिए इसके साथ व्यापार करने पर रोक लगा दी गई। इस बारे में अधिक जानकारी अमेरिकी ट्रेजरी विभाग की आधिकारिक वेबसाइट पर देखी जा सकती है। दूसरी ओर, Amnesty International UK समेत कई मानवाधिकार संगठनों ने इस मामले में आतंकवाद से जुड़ी सजा की मांग को बहुत ज्यादा और असंतुलित बताया है। इस संगठन की सह-संस्थापक Huda Ammori ब्रिटिश सरकार के प्रतिबंध के खिलाफ सुप्रीम कोर्ट में कानूनी लड़ाई लड़ रही हैं, जिसकी सुनवाई नवंबर 2026 में तय की गई है।