Strait of Hormuz में बड़ा तनाव, एक ही दिन में चार ऑयल टैंकर पर ड्रोन हमला.

Nura Basta27 August 20262 min read80 viewsOman
Strait of Hormuz में बड़ा तनाव, एक ही दिन में चार ऑयल टैंकर पर ड्रोन हमला.

फारस की खाड़ी और ओमान के समुद्री इलाके में सुरक्षा हालात बहुत ज्यादा तनावपूर्ण हो गए हैं। पिछले कुछ दिनों से लगातार जहाजों को निशाना बनाया जा रहा है जिससे खाड़ी देशों में काम करने वाले लोगों और व्यापार से जुड़े लोगों की चिंता बढ़ गई है। 27 अगस्त 2026 को अमेरिका समर्थित दक्षिणी कॉरिडोर में एक और तेल टैंकर पर ड्रोन से हमला हुआ, जिसके बाद हालात पूरी तरह बिगड़ गए। मौजूदा संघर्ष शुरू होने के बाद से यह पहला मौका है जब एक ही दिन में इतने सारे जहाजों को निशाना बनाया गया है। इस घटना ने समुद्री व्यापार और वहां यात्रा करने वाले लोगों के बीच डर का माहौल पैदा कर दिया है।

ओमान के पास जहाजों पर हमले और अमेरिकी पाबंदियां

इससे पहले 26 अगस्त को भी एक तेल टैंकर पर हमला हुआ था जिसके पीछे ईरानी सेना का हाथ बताया गया। यह हमला अमेरिकी खजाना विभाग यानी U.S. Treasury Secretary Scott Bessent द्वारा ईरान पर नई पाबंदियों की घोषणा करने के कुछ घंटे बाद ही हुआ। अमेरिकी अधिकारी ने साफ कहा कि इस कदम का मकसद उस शासन की हर आर्थिक मदद को पूरी तरह रोकना है। वहीं 24 से 25 अगस्त के बीच लाइबेरिया में रजिस्टर्ड जहाज Metro Venetian ओमान के Ash Shishah से करीब 9 नॉटिकल मील दूर एक अज्ञात प्रोजेक्ट्री की चपेट में आ गया था। इस हमले से जहाज के इंजन रूम को नुकसान पहुंचा, लेकिन गनीमत रही कि चालक दल के सभी सदस्य सुरक्षित रहे और पर्यावरण को कोई नुकसान नहीं पहुंचा।

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ओमान और ईरान के बीच बातचीत और समुद्री सुरक्षा का नया प्लान

इन लगातार हमलों के बाद ओमान के विदेश मंत्री Badr al-Busaid ने 25 अगस्त को अपने ईरानी समकक्ष Abbas Araghchi से बातचीत की। दोनों नेताओं ने मिलकर एक अस्थायी नौवहन गलियारा बनाने और बारूदी सुरंगों को हटाने के उपायों पर चर्चा की। बातचीत के दौरान ईरानी नेतृत्व ने पाबंदियों का सामना करने के लिए दो साल की योजना का ऐलान किया और वाणिज्यिक जहाजों को ओमान तथा ईरान के पानी से गुजरने की अस्थायी अनुमति दी, हालांकि इसमें किसी भी तरह के सैन्य जहाजों को शामिल नहीं किया गया है।

प्रशासन और सुरक्षा एजेंसियों की चेतावनी

यूके मैरीटाइम ट्रेड ऑपरेशंस यानी UKMTO ने इन सभी हमलों की आधिकारिक तौर पर पुष्टि कर दी है। प्रशासन लगातार जहाजों को इस इलाके से गुजरते समय पूरी सावधानी बरतने की सलाह दे रहा है और किसी भी संदिग्ध गतिविधि की तुरंत सूचना देने को कह रहा है। देश की सुरक्षा एजेंसियां और संबंधित अधिकारी इन सभी मामलों की गहराई से जांच कर रहे हैं, जिनमें ईरान और इस्लामिक रिवोल्यूशनरी गार्ड कॉर्प्स यानी IRGC की संलिप्तता सामने आ रही है। इस बढ़ते तनाव का असर वहां रहने वाले प्रवासियों और कामगारों की सुरक्षा पर भी पड़ रहा है जो इन रास्तों से जुड़े व्यापार पर निर्भर हैं।

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