होर्मुज में सुपरटैंकर समेत दो तेल टैंकरों में धमाका, जहाज में लगी भीषण आग
ईरान के IRGC का दावा है कि Strait of Hormuz में माइन से टकराने के बाद दो तेल टैंकरों में विस्फोट हुआ। सऊदी अरब ने भी निंदा की।

तेहरान: Strait of Hormuz में 1 नवंबर 2026 को एक सुपरटैंकर समेत दो तेल टैंकरों में जोरदार विस्फोट हुआ है। ईरान के इस्लामिक रिवोल्यूशनरी गार्ड कॉर्प्स (IRGC) ने दावा किया है कि ये जहाज समुद्री बारूदी सुरंगों (naval mines) से टकराने के कारण धमाकों का शिकार हुए।
IRGC के मुताबिक, ये जहाज जलडमरूमध्य के भीतर एक अनधिकृत दक्षिणी गलियारे के रास्ते से निकलने की कोशिश कर रहे थे। धमाके के बाद सुपरटैंकर में भीषण आग लग गई और वह लपटों से घिर गया, जिसके बाद दोनों जहाजों को मौके पर ही रोकना पड़ा।
ईरानी अधिकारियों ने आरोप लगाया है कि जहाजों ने गुप्त तरीके से रास्ता पार करने के लिए अपने ऑटोमैटिक आइडेंटिफिकेशन सिस्टम (AIS) और नेविगेशन सिस्टम को जानबूझकर बंद कर दिया था। IRGC ने यह भी कहा कि खतरनाक पानी में प्रवेश न करने की बार-बार चेतावनी दिए जाने के बावजूद जहाजों ने इसे नजरअंदाज किया।
ईरान ने इन टैंकरों पर अमेरिकी सेना के समर्थन से काम करने का आरोप लगाया है। तेहरान ने स्पष्ट किया है कि ईरानी समुद्री सुरक्षा प्रोटोकॉल का पालन न करने के कारण इस घटना के परिणामों के लिए जहाज मालिक पूरी तरह जिम्मेदार हैं।
दूसरी ओर, यूनाइटेड किंगडम मैरीटाइम ट्रेड ऑपरेशंस (UKMTO) ने 1 नवंबर को करीब 1509 UTC पर एक मर्चेंट वेसल के मास्टर द्वारा 'मेडे' (Mayday) कॉल जारी करने की सूचना दी। कॉल में बताया गया कि एक अन्य जहाज अज्ञात प्रोजेक्टाइल की चपेट में आया है। हालांकि, यह पुष्टि नहीं हुई है कि UKMTO की रिपोर्ट और IRGC के दावे एक ही घटना से जुड़े हैं।
इस बीच क्षेत्रीय तनाव बढ़ गया है। सऊदी अरब ने कतर गैस ट्रांसपोर्ट कंपनी के एलएनजी कैरियर 'अल मईदा' (Al Mayeda) को निशाना बनाए जाने की औपचारिक रूप से निंदा की है।