Tariq Saleh का Yemeni Armed Forces को कड़ा संदेश

यमन की राजनीति और सुरक्षा परिदृश्य में एक बार फिर से गर्माहट देखने को मिल रही है। यमनी प्रेसिडेंशियल लीडरशिप काउंसिल के उपाध्यक्ष Tariq Saleh ने देश की सशस्त्र सेनाओं के नाम एक महत्वपूर्ण संदेश जारी किया है। हाल ही में गणतंत्र की बहाली को लेकर हुए संघर्षों और हालिया झटकों के बाद उनका यह संबोधन सेना का हौसला बढ़ाने के उद्देश्य से सामने आया है।
'हौथी-ईरानी डेथ मशीन' के खिलाफ कड़ा मुकाबला
अपने संबोधन में Tariq Saleh ने स्वीकार किया कि हाल के हफ्तों में सैनिकों ने 'हौथी-ईरानी डेथ मशीन' के खिलाफ इतिहास की सबसे भीषण लड़ाइयों में से एक का सामना किया है। उन्होंने माना कि इन लड़ाइयों के नतीजे पूरी तरह से वैसी उम्मीदों के अनुरूप नहीं रहे जैसी तैयारियां की गई थीं, लेकिन इसके बावजूद यह संघर्ष यमन के इतिहास का एक बेहद अहम मोड़ है।
- सैनिकों को राष्ट्र की मजबूत बाहें और सम्मान का निर्माता बताया गया।
- संघर्ष के दौरान जख्मी हुए सैनिकों को धैर्य रखने की सलाह दी गई।
- इसे गणतंत्र की लंबी लड़ाई का सिर्फ एक दौर बताया गया।
शहीदों को श्रद्धांजलि और आगे की रणनीति
इस संघर्ष के दौरान अपनी जान गंवाने वाले वीर सैनिकों को श्रद्धांजलि देते हुए उन्होंने रिपब्लिकन गार्ड्स, तिहामी रेजिस्टेंस ब्रिगेड्स, जाइंट्स और नेशनल Shield फोर्सेज के योगदान को याद किया। उन्होंने भरोसा दिलाया कि शहीदों का बलिदान व्यर्थ नहीं जाएगा और दोषियों को इसका परिणाम भुगतना होगा।
सैनिकों से अपील की गई है कि वे पहाड़ों की तरह अडिग रहें, अपने घावों को भरें और नई योजना तथा धैर्य के साथ अपनी पंक्तियों को फिर से संगठित करें। इस मुश्किल घड़ी में यमनी नेतृत्व ने सेना को एकजुट होकर आगे की चुनौतियों का सामना करने का आह्वान किया है।