तिब्बत पर जल आपदा का भारी खतरा, नेपाल सीमा के पास नई झील बनने से बड़ा संकट

तिब्बत के बाढ़ प्रभावित इलाके में एक बार फिर बड़ा खतरा मंडराने लगा है। मौसम विभाग और रिपोर्ट्स के मुताबिक, नेपाल सीमा से सटे तिब्बत के गियिरोंग काउंटी में अगले तीन दिनों तक भारी बारिश होने की संभावना है। यहां लगातार आ रहे भूस्खलन और मडस्लाइड यानी गीली मिट्टी के तेज प्रवाह की वजह से कच्चे और बेहद खतरनाक बांध बन रहे हैं, जिससे स्थानीय लोगों और प्रशासन की चिंताएं काफी बढ़ गई हैं।
ग्लेशियर टूटने से हुई थी भीषण तबाही
अमेरिकी भूवैज्ञानिक सर्वेक्षण यानी USGS की रिपोर्ट के अनुसार, नेपाल और चीन के गियिरोंग काउंटी में हाल ही में जो भयानक बाढ़ आई थी, वह किसी भूकंप की वजह से नहीं बल्कि एक बड़े ग्लेशियर यानी बर्फ के विशाल पिंड के ढهने का नतीजा थी। शुरुआती हलचल इतनी तेज थी कि इसे 4.4 तीव्रता का भूकंप आंका गया था, लेकिन बाद की जांच और सैटेलाइट तस्वीरों से यह साफ हो गया कि यह पहाड़ी से बर्फ और मलबे के खिसकने की घटना थी।
लापता नागरिकों की तलाश जारी
नेपाल के टूरिज्म बोर्ड के ताजा आंकड़ों के मुताबिक, इस आपदा की वजह से सीमा के दोनों तरफ भारी नुकसान हुआ है। नेपाल की सीमा के उस पार कुल 517 विदेशी नागरिक फंसे हुए हैं या उनकी स्थिति को लेकर चिंता बनी हुई है। चीन ने जानकारी दी है कि उसकी सीमा के पास 260 विदेशी लापता हैं। नेपाल की ओर से दी गई सूची के अनुसार लापता नागरिकों में भारत के 178, अमेरिका के 65, यूक्रेन के 53, मलेशिया के 51, ऑस्ट्रेलिया के 35, यूनाइटेड किंगडम के 33 और कनाडा के 25 लोग शामिल हैं, जो ज्यादातर ट्रैकिंग या धार्मिक यात्रा पर आए थे।
बचाव कार्य में आ रही है भारी बाधा
आपदा प्रभावित मुख्य इलाके ग्यिरोंग बॉर्डर पोर्ट पर खराब मौसम और रास्ते बंद होने की वजह से आपातकालीन बचाव कर्मियों को पहुंचने में करीब 22 घंटे की देरी हुई। चीन के सरकारी ब्रॉडकास्टर सीसीटीवी के मुताबिक, पोर्ट से लगभग 2.5 किलोमीटर पहले ही सड़कों पर करीब 1.5 मीटर मोटी कीचड़ और मलबे की परत जमी हुई है। सुबह करीब 8 बजे 141 बचावकर्मियों का पहला जत्था और ऊंचाई पर उड़ने में सक्षम MI-171 हेलीकॉप्टर आपदा स्थल पर पहुंच चुका है। हालांकि, अभी भी इस काउंटी में कुल 550 से ज्यादा लोग लापता बताए जा रहे हैं और कई इलाकों में टेलीकॉम नेटवर्क पूरी तरह ठप है।
नई झील बनने से बढ़ा प्रलय का खतरा
ताजा ड्रोन फुटेज में सामने आया है कि भूस्खलन की वजह से सीमा के नेपाली हिस्से में एक बहुत बड़ी नई झील बन गई है। इस झील में अनुमानित 20 लाख क्यूबिक मीटर पानी जमा हो चुका है और यह अब ओवरफ्लो होने लगी है। मौसम विभाग का अनुमान है कि अगले तीन दिनों में इसमें और 30 लाख क्यूबिक मीटर पानी आ सकता है, जिससे इसके टूटने का भारी खतरा पैदा हो गया है। चीन के राष्ट्रपति Xi Jinping ने लापता लोगों की खोज और बचाव कार्य के लिए हरसंभव प्रयास करने का सख्त आदेश दिया है।