डोनाल्ड ट्रंप का दावा, मेरी सैन्य कार्रवाई से बचा इजरायल और रुका ईरान
राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने कहा कि उनके सैन्य अभियान ने ईरान को परमाणु हथियार बनाने से रोका, वरना इजरायल का अस्तित्व खतरे में होता।

वॉशिंगटन: अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने दावा किया है कि अगर उन्होंने ईरान को परमाणु हथियार हासिल करने की अनुमति दी होती, तो इजरायल का अस्तित्व ही खत्म हो गया होता। 7 नवंबर 2026 को दिए अपने बयान में ट्रंप ने तेहरान के खिलाफ अपने प्रशासन द्वारा चलाए जा रहे सैन्य अभियान का बचाव किया।
राष्ट्रपति ट्रंप ने कहा कि ईरान को ऐसे घातक हथियारों को विकसित करने से रोकने के लिए उनके हस्तक्षेप जरूरी थे। उन्होंने इस बात पर जोर दिया कि ईरान का परमाणु भविष्य अमेरिका की मंजूरी पर निर्भर है। ट्रंप ने दोहराया कि उनका प्रशासन इस परमाणु कार्यक्रम को स्थायी रूप से खत्म करने के लिए प्रतिबद्ध है।
अमेरिका फिलहाल ईरान के साथ राजनयिक बातचीत कर रहा है, लेकिन साथ ही प्रशासन दोबारा सैन्य हमले करने की संभावनाओं पर भी विचार कर रहा है। रिपोर्टों के मुताबिक, अमेरिकी सेंट्रल कमांड (CENTCOM) संभावित बड़े ऑपरेशनों की तैयारी पूरी कर चुका है, हालांकि अभी तक कोई औपचारिक आदेश जारी नहीं किया गया है।
ट्रंप ने बताया कि अमेरिका अपनी वर्तमान रणनीति में बहुत अच्छा प्रदर्शन कर रहा है। वह बातचीत और सैन्य बल की धमकी, दोनों रास्तों को एक साथ अपना रहे हैं।
विदेश नीति के ये घटनाक्रम 3 नवंबर 2026 को हुए अमेरिकी मध्यावधि चुनावों के बाद सामने आए हैं। इन चुनावों में डेमोक्रेटिक पार्टी ने हाउस ऑफ रिप्रेजेंटेटिव्स और सीनेट दोनों पर नियंत्रण हासिल कर लिया है। माना जा रहा है कि विधायी शक्ति में इस बदलाव से राष्ट्रपति ट्रंप को अपने कार्यकाल के शेष समय में क्षेत्रीय सुरक्षा एजेंडे को लागू करने में संस्थागत चुनौतियों का सामना करना पड़ सकता है।