होर्मुज जलडमरूमध्य बंद होने से दुनिया भर में आर्थिक संकट, तुर्की के मंत्री ने दी चेतावनी

तुर्की के विदेश मंत्री Hakan Fidan ने सीरिया की राजधानी दमिश्क में एक बड़ा बयान देते हुए कहा है कि होर्मुज जलडमरूमध्य में जारी तनाव के कारण पूरी दुनिया की अर्थव्यवस्था गंभीर संकट में फंस चुकी है। उन्होंने यह बात 13 सितंबर 2026 को मीडिया से बातचीत के दौरान कही, जब उनके साथ सीरिया के विदेश मंत्री Asaad Hassan al-Shibani भी मौजूद थे। इस पूरी स्थिति ने आम आदमी की रोजमर्रा की जिंदगी और ईंधन की कीमतों पर गहरा असर डाला है।
होर्मुज जलडमरूमध्य बंद होने से मचा हड़कंप
आपकी जानकारी के लिए बता दें कि 28 फरवरी 2026 से होर्मुज जलडमरूमध्य का रास्ता लगभग पूरी तरह से बंद चल रहा है। अमेरिका और इजराइल द्वारा ईरान के खिलाफ हवाई युद्ध शुरू किए जाने के बाद से यह स्थिति पैदा हुई है। इसके जवाब में ईरान ने सुरक्षा का हवाला देते हुए इस समुद्री रास्ते पर अपना नियंत्रण मजबूत कर लिया है। ईरान ने इस इलाके में समुद्री बारूदी सुरंगे बिछा दी हैं, मालवाहक जहाजों को रोका जा रहा है और अंतरराष्ट्रीय शिपिंग कंपनियों को सीधी चेतावनी दी जा रही है। इस नाकेबंदी की वजह से पूरी दुनिया में ईंधन का भारी संकट पैदा हो गया है, जिससे पेट्रोल और डीजल की आवाजाही पर बुरा असर पड़ा है।
जहाज पर हमले से बढ़ी मुश्किलें
इस बीच हालात को और बिगाड़ने वाली एक और घटना सामने आई है। 13 सितंबर को क्सहम द्वीप के पास ईरान के एक कार्गो जहाज पर हमला किया गया, जिसमें एक व्यक्ति की मौत हो गई और चार लोग घायल हो गए। ईरानी सरकारी मीडिया ने इस हमले के पीछे किसी आतंकवादी दुश्मन का हाथ होने की बात कही है। इस तरह की घटनाओं से समुद्री रास्ते पर सफर करने वाले लोगों और व्यापार से जुड़े कारोबारियों में डर का माहौल बना हुआ है।
कूटनीतिक बातचीत और ओमान समझौता
इस बड़े संकट से निपटने के लिए कूटनीतिक स्तर पर लगातार बातचीत जारी है। 12 सितंबर को तुर्की के मंत्री Hakan Fidan ने ईरान के विदेश मंत्री Abbas Araghchi से फोन पर बात की और क्षेत्र में शांति बनाए रखने तथा सऊदी अरब से जुड़े हालिया हमलों पर चर्चा की। इसके अलावा, ईरान और ओमान के बीच होर्मुज जलडमरूमध्य में आने-जाने के नए रास्तों को लेकर एक समझौता हुआ है। ईरान इस नए प्रस्ताव को 14 सितंबर को मस्कट में होने वाली बैठक के दौरान अन्य खाड़ी देशों के सामने रखेगा। हालांकि, बहरीन ने साफ कर दिया है कि जब तक औपचारिक कूटनीतिक रिश्ते दोबारा बहाल नहीं होते, वह ईरान के प्रतिनिधियों वाली किसी भी क्षेत्रीय बैठक में हिस्सा नहीं लेगा।
सीरिया के साथ व्यापार और ऊर्जा पर चर्चा
सीरिया के अपने दो दिवसीय दौरे के दौरान, जो 14 सितंबर को समाप्त होना है, तुर्की के विदेश मंत्री ने सीरिया के राष्ट्रपति Ahmed al-Sharaa और गृह मंत्री Anas Khattab से भी मुलाकात की। इन बैठकों का मुख्य उद्देश्य व्यापार, ऊर्जा और परिवहन के क्षेत्र में आपसी सहयोग को बढ़ाना है। मंत्री Hakan Fidan ने अपने 11 सितंबर के बयान में भी इस बात पर जोर दिया था कि वैश्विक आर्थिक सुधार के लिए सीरिया और इराक में क्षेत्रीय स्थिरता होना बेहद जरूरी है। खाड़ी देशों में काम करने वाले प्रवासियों और भारत आने-जाने वाले लोगों के लिए भी इस वैश्विक आर्थिक हलचल पर नजर रखना जरूरी हो गया है।