यूएई तट पर ड्रोन हमला: भारतीय चालक दल वाले टैंकर पर आग, सभी 22 नाविक सुरक्षित

शारजाह (यूएई): फारस की खाड़ी में यूएई के तट के पास एक बड़े तेल टैंकर को ड्रोन से निशाना बनाया गया। यह हमला उस समय हुआ जब जहाज शारजाह एंकरेज में लंगर डाले खड़ा था। जहाज पर 22 भारतीय नाविक सवार थे। राहत की बात यह है कि सभी नाविक सुरक्षित बताए गए हैं और जहाज में लगी आग पर बाद में काबू पा लिया गया।
यह जहाज MT GEM NO. 2 है, जो पनामा के झंडे के तहत चलता है। इसे 2017 में बनाया गया था और इसकी क्षमता लगभग 302,780 DWT है। इसका प्रबंधन Global Energy Maritime कंपनी करती है। यह घटना अल जज़ीरा के लगभग 13 नॉटिकल मील पश्चिम में हुई। यूके मैरीटाइम ट्रेड ऑपरेशंस (UKMTO) के मुताबिक जहाज से एक अज्ञात प्रक्षेप्य टकराया, जिससे आग लग गई।
अब तक किसी संगठन ने इस हमले की जिम्मेदारी नहीं ली है। यह घटना फरवरी 2026 के आखिर से चल रहे क्षेत्रीय तनाव के बीच हुई है।
भारत सरकार की प्रतिक्रिया और नाविकों की स्थिति
केंद्रीय पोत परिवहन मंत्री सर्बानंद सोनोवाल ने पुष्टि की कि जहाज पर सवार सभी 22 भारतीय चालक दल सदस्य सुरक्षित हैं। उन्होंने X पर जारी बयान में कहा कि सरकार की नज़र स्थिति पर बनी हुई है और नाविकों की सुरक्षा के लिए जहाज प्रबंधन कंपनी के साथ लगातार तालमेल रखा जा रहा है।
शिपिंग महानिदेशालय का अनुमान है कि खाड़ी देशों में लगभग 23,000 भारतीय नाविक काम कर रहे हैं। इनमें से 12,800 से ज्यादा यूएई में हैं, इसके बाद सऊदी अरब, कतर, ओमान और बहरीन का नंबर आता है। विदेश मंत्रालय इस समय 4,500 से अधिक भारतीय नाविकों की स्थिति पर नज़र रख रहा है। इनमें होर्मुज जलडमरूमध्य के पास 12 जहाजों पर सवार 163 लोग भी शामिल हैं।
यह अकेली घटना नहीं है। फारस की खाड़ी और काला सागर में हुए संघर्षों में कम से कम 11 भारतीय नाविकों की मौत हो चुकी है, और सरकार अब तक 4,200 से ज्यादा लोगों को उच्च जोखिम वाले इलाकों से वापस ला चुकी है। भारत ने लाइबेरिया के साथ मिलकर ‘ग्रुप ऑफ फ्रेंड्स ऑन सेफ्टी एंड सिक्योरिटी ऑफ शिपिंग एंड सीफेरर्स’ (GoF on S4) बनाया है। विदेश मंत्री एस. जयशंकर ने वाणिज्यिक जहाजरानी पर हमले रोकने की अपील की है।
क्षेत्र का माहौल अभी भी तनावपूर्ण है। अमेरिका, इज़राइल और ईरान के बीच टकराव जारी है और हूती समूह के हमले भी चल रहे हैं। हाल में रियाद के किंग खालिद अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे पर हुए हमले में 300 से ज्यादा लोग घायल हुए और 12 लोगों की मौत हुई, जिनमें ज्यादातर विदेशी नागरिक थे। ओमान तट पर MV Cape Dao पर हुए हमले के बा