सीरियाई क्षेत्र में इजरायली निर्माण पर यूएई ने जताया कड़ा विरोध

संयुक्त अरब अमीरात (UAE) ने सीरियाई क्षेत्र में इजरायल द्वारा फिर से शुरू किए गए उत्खनन और निर्माण कार्यों पर गहरी नाराजगी जताई है। यूएई ने इसे अंतरराष्ट्रीय नियमों का खुला उल्लंघन करार देते हुए इस पर औपचारिक निंदा जारी की है।
यूएई विदेश मंत्रालय के एक आधिकारिक बयान के अनुसार, इजरायल द्वारा 'सुफा 53 लाइन' के पास बुलडोजर चलाने, खुदाई करने और किलेबंदी करने जैसी गतिविधियां की जा रही हैं। यूएई का मानना है कि ये कदम न केवल सीरिया की संप्रभुता का उल्लंघन हैं, बल्कि देश की सुरक्षा और स्थिरता के लिए एक बड़ा खतरा भी पैदा करते हैं।
अंतरराष्ट्रीय कानूनों और समझौतों की अनदेखी
मंत्रालय ने स्पष्ट किया कि इजरायल की ये गतिविधियां अंतरराष्ट्रीय कानून के खिलाफ हैं और विशेष रूप से 1974 के उस विसंलग्नता समझौते (Disengagement Agreement) का सीधा उल्लंघन हैं, जो सीरिया और इजरायल के बीच हुआ था। यूएई ने एक बार फिर सीरिया की क्षेत्रीय अखंडता और स्थिरता के प्रति अपने अटूट समर्थन की पुष्टि की है।
बयान में कहा गया कि यूएई सीरियाई लोगों के साथ खड़ा है, जो शांति, सुरक्षा, सम्मान और विकास की आकांक्षा रखते हैं। इसके साथ ही, यूएई ने अंतरराष्ट्रीय समुदाय से अपील की है कि वह इस स्थिति में तुरंत हस्तक्षेप करे और इन हमलों को रोकने के लिए कदम उठाए। यूएई ने चेतावनी दी है कि यदि इन गतिविधियों को नहीं रोका गया, तो क्षेत्रीय तनाव बढ़ सकता है, जिससे अंतरराष्ट्रीय शांति और सुरक्षा खतरे में पड़ सकती है।