UAE में इमरजेंसी नंबर को लेकर नया अभियान शुरू, 999 पर कॉल करने से पहले जान लें ये जरूरी नियम

यूएई के गृह मंत्रालय (MOI) ने दुबई पुलिस और देश भर के अन्य पुलिस मुख्यालयों के साथ मिलकर एक खास अभियान की शुरुआत की है। इस नए अभियान का नाम “UAE Emergency Number Day” रखा गया है, जिसे हर साल 9 सितंबर को मनाया जाएगा। इस पहल का मुख्य उद्देश्य लोगों को आपातकालीन नंबर 999 के सही और जिम्मेदारी से इस्तेमाल के बारे में जागरूक करना है। अधिकारियों का कहना है कि इस मुहिम के जरिए आम जनता को यह समझाया जा रहा है कि किस स्थिति में कौन से नंबर पर फोन करना चाहिए ताकि किसी भी आपातकालीन स्थिति में तुरंत मदद पहुंचाई जा सके।
999 और 901 नंबर में क्या है अंतर
अधिकारियों ने लोगों को साफ तौर पर बताया है कि 999 नंबर केवल उन्हीं स्थितियों के लिए है जहां जान और माल की रक्षा के लिए तुरंत पुलिस या एम्बुलेंस की जरूरत होती है। वहीं दूसरी तरफ, आम शिकायतों, सामान्य पूछताछ और गैर-आपातकालीन पुलिस सेवाओं के लिए 901 नंबर का इस्तेमाल किया जाना चाहिए। जब लोग बिना किसी बड़ी इमरजेंसी के 999 पर कॉल करते हैं, तो इससे लाइनें व्यस्त हो जाती हैं और असली पीड़ितों को समय पर मदद मिलने में दिक्कत आती है। इस समस्या को हल करने के लिए यूएई सरकार ने कई भाषाओं में संदेश जारी किए हैं ताकि देश में रहने वाले सभी अलग-अलग देशों के प्रवासी और स्थानीय लोग इसे आसानी से समझ सकें।
घटना की जानकारी देते समय रखें सावधानी
गृह मंत्रालय के केंद्रीय संचालन विभाग के निदेशक ब्रिगेडियर जनरल अब्दुल अजीज अल-अहमद ने बताया कि इस अभियान का नारा “Every Second Counts” यानी हर सेकंड कीमती है रखा गया है। उन्होंने कहा कि सही समय पर सही जानकारी देना किसी की जान बचाने के लिए बहुत जरूरी है। प्रशासन की तरफ से लोगों से अपील की गई है कि जब भी वे किसी घटना की रिपोर्ट करने के लिए कॉल करें, तो पूरी और सटीक जानकारी दें। इसमें घटना की सही जगह और वहां के हालात की पूरी बात साफ-साफ बतानी चाहिए। कॉल लेने वाले कर्मचारियों को सही जवाब देने से ऑपरेशन रूम की टीमें बिना किसी देरी के तुरंत मौके पर अपनी विशेष टीमों को रवाना कर पाती हैं।
प्रवासियों के लिए भी समझना क्यों है जरूरी
दुबई पुलिस के सामान्य संचालन विभाग के निदेशक ब्रिगेडियर तुर्की अब्दुल रहमान बिन फारिस ने भी इस बात पर जोर दिया कि किसी भी हादसे पर तेजी से एक्शन लेने के लिए सटीक जानकारी देना बेहद जरूरी होता है। उन्होंने उन सभी कॉल लेने वालों और फील्ड टीमों के काम की सराहना की जो समाज की सुरक्षा के लिए दिन-रात काम करते हैं। यूएई में रहने वाले लाखों प्रवासियों और भारतीय नागरिकों के लिए यह जानना बहुत जरूरी है कि वे किसी भी छोटी-मोटी बात के लिए 999 पर कॉल न करें। सही नंबर का उपयोग करने से पुलिस और आपातकालीन सेवाओं की कार्यक्षमता बढ़ती है और जनता का पुलिस पर भरोसा भी मजबूत होता है।