यूएई में अस्पताल के भारी बिलों के बाद भारतीय दूतावास ने मेडिकल इंश्योरेंस लेने की सलाह दी
अबू धाबी और दुबई स्थित भारतीय दूतावास ने यूएई में रहने और आने वाले भारतीयों को मेडिकल इंश्योरेंस लेने की सलाह दी है।

अबू धाबी: संयुक्त अरब अमीरात (यूएई) में अस्पताल के भारी-भरकम बिलों के मामले बढ़ने के बाद भारतीय दूतावास और वाणिज्य दूतावास ने एक जरूरी सलाह जारी की है। अबू धाबी स्थित भारतीय दूतावास और दुबई स्थित भारतीय महावाणिज्य दूतावास ने 26 अक्टूबर 2026 को यह एडवाइजरी जारी की है। इसमें यूएई में रहने वाले या वहां जाने वाले सभी भारतीय नागरिकों से व्यापक मेडिकल इंश्योरेंस लेने को कहा गया है।
यह कदम इसलिए उठाया गया है क्योंकि मेडिकल इमरजेंसी के दौरान भारतीय नागरिकों को बहुत ज्यादा अस्पताल खर्चों का सामना करना पड़ रहा है। इन भारी बिलों की वजह से मरीजों और उनके परिवारों पर गंभीर आर्थिक बोझ पड़ रहा है।
दूतावास ने पर्यटन या छोटी यात्रा के लिए यूएई जाने वालों को ऐसा इंश्योरेंस लेने की सलाह दी है जिसमें कैशलेस मेडिकल सुविधाएं शामिल हों। साथ ही, इसमें भारत वापस भेजने (मेडिकल रिपेट्रिएशन) का प्रावधान भी होना चाहिए।
वहीं, एम्प्लॉयमेंट वीजा पर रहने वाले भारतीय निवासियों और उनके आश्रितों को अपनी मौजूदा बीमा पॉलिसियों की जांच करने के निर्देश दिए गए हैं। उन्हें यह सुनिश्चित करना होगा कि उनकी पॉलिसी में स्थानीय चिकित्सा खर्चों और जरूरत पड़ने पर अंतरराष्ट्रीय रिपेट्रिएशन के लिए पर्याप्त कवर हो।
प्रवासी समुदायों के कल्याण को प्राथमिकता देने की यह कोशिश दोनों देशों के बीच जारी प्रयासों का हिस्सा है। इस प्रतिबद्धता को जुलाई में आयोजित काउंसलर अफेयर्स पर भारत-यूएई संयुक्त समिति (JCCA) की सातवीं बैठक के दौरान भी दोहराया गया था।