UAE Trade Update: यूएई का बड़ा ऐलान, साल 2026 के पहले छह महीनों में गैर-तेल विदेशी व्यापार 1.9 ट्रिलियन दिरहम पर पहुंचा।

संयुक्त अरब अमीरात यानी यूएई ने अपनी आर्थिक तरक्की को लेकर एक बहुत बड़ा आंकड़ा दुनिया के सामने रखा है। देश के विदेश व्यापार राज्य मंत्री Dr. Thani bin Ahmed Al Zeyoudi ने हाल ही में आधिकारिक घोषणा की है कि साल 2026 के पहले छह महीनों यानी H1 2026 के दौरान देश का गैर-तेल विदेशी व्यापार बढ़कर AED 1.9 trillion के आंकड़े को पार कर गया है। यह जानकारी उन्होंने दुबई वर्ल्ड ट्रेड सेंटर में आयोजित 15वें AIM Investment Summit 2026 के दौरान दी, जहां दुनिया भर से बड़े-बड़े लोग और निवेशक इकट्ठा हुए थे।
AIM Investment Summit 2026 की खास बातें
दुबई में आयोजित इस बड़े सम्मेलन की थीम ‘Reshaping Global Prosperity: Opening New Investment Pathways Towards a Sustainable and Inclusive Future’ रखी गई थी। इस आयोजन में दुनिया भर के 191 देशों और संगठनों से कुल 25,000 लोगों ने हिस्सा लिया। इस कार्यक्रम के दौरान व्यापार और निवेश को बढ़ाने के लिए कुल 540 वैश्विक वक्ताओं ने अपने विचार रखे, जिसमें 103 अलग-अलग सत्र आयोजित किए गए। मंत्री महोदय ने बताया कि यूएई की मजबूत नीतियों और खुले बाजार की वजह से देश में व्यापार लगातार नई ऊंचाइयों को छू रहा है।
विदेशी निवेश और एफडीआई के आंकड़े
देश की अर्थव्यवस्था की मजबूती के बारे में बात करते हुए मंत्री Al Zeyoudi ने बताया कि बीते साल यानी 2025 में यूएई को कुल USD 48.3 billion का विदेशी प्रत्यक्ष निवेश यानी एफडीआई मिला था। इन जबरदस्त आंकड़ों के दम पर यूएई अब दुनिया भर में एफडीआई प्राप्त करने वाले देशों की सूची में नौवें स्थान पर पहुंच गया है। इसके अलावा, देश के भीतर कुल जमा एफडीआई का स्टॉक अब AED 1.17 trillion से भी ज्यादा हो चुका है, जो यह बताता है कि विदेशी निवेशकों का भरोसा यूएई की अर्थव्यवस्था पर कितना गहरा है।
भविष्य के लिए तकनीक और नए सेक्टर
आने वाले समय में आर्थिक बदलावों को देखते हुए सरकार ने पूरी तैयारी कर ली है। मंत्री ने साफ किया कि देश अब पूरी तरह से टेक्नोलॉजी पर आधारित अर्थव्यवस्था की तरफ कदम बढ़ा रहा है। आने वाले समय में जिन मुख्य सेक्टरों पर सबसे ज्यादा ध्यान दिया जाएगा, उनमें आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस यानी AI, स्वच्छ ऊर्जा, क्लाइमेट टेक्नोलॉजी, खाद्य और जल सुरक्षा के साथ-साथ टिकाऊ बुनियादी ढांचा शामिल हैं। यूएई का मुख्य उद्देश्य वैश्विक बाजारों के बीच एक मजबूत पुल बनना है, जिससे नई तकनीक को बढ़ावा मिले और वहां रहने वाले लोगों के लिए रोजगार के नए और बेहतर रास्ते बन सकें।