सोशल मीडिया पर अपमान और मानहानि करने वालों को यूएई सरकार की चेतावनी, भारी जुर्माना और जेल हो सकती है सजा
यूएई सरकार ने सोशल मीडिया पर अपमान और मानहानि करने वालों को चेतावनी दी है, जिसमें भारी जुर्माने और जेल का प्रावधान है।

दुबई: संयुक्त अरब अमीरात (यूएई) ने सोशल मीडिया इस्तेमाल करने वालों के लिए सख्त चेतावनी जारी की है। सरकार ने साफ किया है कि इंटरनेट पर किसी का अपमान करने या मानहानि करने वालों को जेल जाना पड़ सकता है और उन पर 2.5 लाख से 5 लाख दिरहम तक का भारी जुर्माना लगाया जा सकता है।
यह कार्रवाई संघीय डिक्री-कानून नंबर 34 (2021) की धारा 43 के तहत की जाएगी, जो अफवाहों और साइबर अपराधों से निपटने के लिए बनाया गया है। आंतरिक मंत्रालय के मुताबिक, अगर इस तरह का अपराध किसी सार्वजनिक अधिकारी या सार्वजनिक कर्तव्य निभाने वाले व्यक्ति के खिलाफ किया जाता है, तो कानूनी सजा और भी कड़ी होगी।
यह कानूनी सलाह अक्टूबर 2026 में साइबर सुरक्षा जागरूकता महीने के मौके पर शुरू किए गए अभियान "द यूएई इज सेफ विद योर डिजिटल अवेयरनेस" का हिस्सा है। इस अभियान को आंतरिक मंत्रालय, दुबई पुलिस और दुबई इलेक्ट्रॉनिक सिक्योरिटी सेंटर ने मिलकर शुरू किया है।
दुबई पुलिस के जनरल डिपार्टमेंट ऑफ क्रिमिनल इन्वेस्टिगेशन्स के डायरेक्टर ब्रिगेडियर सईद अल हाजरी ने बताया कि यह अभियान जनता को साइबर खतरों के बारे में शिक्षित करने की एक व्यापक रणनीति है। उन्होंने कहा कि इसमें जालसाजों द्वारा आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) के गलत इस्तेमाल जैसी जानकारियों को भी शामिल किया गया है।
अधिकारियों ने सभी निवासियों से डिजिटल बातचीत में सम्मान बनाए रखने, व्यक्तिगत हमलों से बचने और ऑनलाइन जिम्मेदार व्यवहार करने की अपील की है।
बता दें कि यह कानून 2 जनवरी 2022 से प्रभावी है। इसमें निजता के उल्लंघन और झूठी खबरें फैलाने पर भी कार्रवाई का प्रावधान है, ताकि डिजिटल माहौल को सुरक्षित बनाया जा सके।