UAE में ऑनलाइन गेमिंग और सट्टेबाजी हुई कानूनी, 2026 से लागू होगा नया नियम.

संयुक्त अरब अमीरात (UAE) सरकार ने जुए और गेमिंग को लेकर एक बहुत बड़ा बदलाव किया है। देश में जुए पर पूरी तरह से लगे प्रतिबंध को अब हटा दिया गया है और साल 2026 से एक नया रेग्युलेटेड कमर्शियल गेमिंग फ्रेमवर्क लागू कर दिया गया है। इस कानूनी बदलाव की शुरुआत Federal Decree-Law No. 25 of 2025 के जरिए की गई है, जो आगामी 1 जून 2026 से पूरी तरह प्रभावी होगा। इस नए कानून के आने से पुराने यूएई सिविल ट्रांजैक्शन लॉ के आर्टिकल 1012-1021 को खत्म कर दिया गया है, जिसका मतलब यह है कि अब गेमिंग से जुड़े कॉन्ट्रैक्ट कानूनी रूप से वैध और लागू करने योग्य माने जाएंगे।
जनरल कमर्शियल गेमिंग रेग्युलेटरी अथॉरिटी की भूमिका
यूएई में इन सभी गेमिंग गतिविधियों और लाइसेंसिंग प्रक्रिया पर नजर रखने के लिए एक मुख्य संघीय निकाय बनाया गया है, जिसे General Commercial Gaming Regulatory Authority (GCGRA) कहा जाता है। इस संस्था का गठन Federal Decree-Law No. 30 of 2022 के तहत किया गया था। यह संस्था खिलाड़ियों की सुरक्षा के मानकों और लाइसेंस देने के नियमों को सख्ती से लागू करेगी। सरकार का मकसद यह सुनिश्चित करना है कि देश में होने वाले सभी गेमिंग और सट्टेबाजी के काम पूरी पारदर्शिता और सुरक्षा के साथ चलें ताकि किसी भी तरह की धोखाधड़ी से बचा जा सके।
प्ले971 बना देश का पहला लाइसेंस प्राप्त प्लेटफॉर्म
वर्तमान समय में Play971, जिसे Coin Technology Projects LLC द्वारा संचालित किया जाता है, यूएई का इकलौता ऐसा संघीय रूप से लाइसेंस प्राप्त ऑनलाइन गेमिंग और स्पोर्ट्स बेटिंग प्लेटफॉर्म है। इसे दिसंबर 2025 में GCGRA से आधिकारिक तौर पर मंजूरी मिली थी। इस प्लेटफॉर्म का इस्तेमाल करने के लिए कुछ कड़े नियम बनाए गए हैं। इसके तहत केवल वही लोग खेल सकते हैं जिनकी उम्र 21 वर्ष या उससे अधिक है और जो इस समय शारीरिक रूप से यूएई के अंदर मौजूद हैं। सिस्टम में सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम किए गए हैं, जिसमें अनिवार्य जियो-ब्लॉक तकनीक और वीपीएन (VPN) के इस्तेमाल पर पूरी तरह प्रतिबंध शामिल है ताकि कोई बाहर से फर्जी तरीके से लॉगिन न कर सके।
मनी लांड्रिंग रोकने के लिए कड़े नियम और कानून
गेमिंग के इस नए बाजार में नियमों का पालन करना बहुत जरूरी कर दिया गया है। Federal Decree-Law No. 10 of 2025 और Cabinet Resolution No. 134 of 2025 के नियमों के मुताबिक, सभी गेमिंग ऑपरेटरों को Designated Non-Financial Businesses and Professions (DNFBPs) की श्रेणी में रखा गया है। इसका मतलब यह है कि इन सभी कंपनियों को मनी लांड्रिंग यानी काले धन को सफेद करने से रोकने वाले यानी Anti-Money Laundering (AML) के सख्त नियमों का पालन करना होगा। इसके अलावा Federal Decree-Law No. 26 of 2025 के तहत नाबालिगों यानी बच्चों के इन कमर्शियल गेमिंग प्लेटफॉर्म्स पर जाने पर पूरी पाबंदी लगाई गई है ताकि युवा पीढ़ी को इससे दूर रखा जा सके।
बिना लाइसेंस काम करने पर होगी कड़ी सजा
एक तरफ जहां वैध बाजार का दायरा तेजी से बढ़ाया जा रहा है, वहीं दूसरी तरफ अवैध रूप से काम करने वालों के खिलाफ सरकार का रुख बेहद सख्त है। बिना लाइसेंस के किसी भी तरह का जुआ या सट्टेबाजी करना यूएई के संघीय दंड संहिता के Article 414 के तहत एक दंडनीय अपराध माना जाता है। ऐसा करते पकड़े जाने पर दोषी को दो साल तक की जेल और AED 20,000 तक का भारी जुर्माना भुगतना पड़ सकता है। इसके अलावा, साइबर अपराध कानून यानी Cybercrime Law (Federal Decree-Law No. 34 of 2021) के अंतर्गत बिना अनुमति के ऑनलाइन जुआ संचालित करने या बढ़ावा देने पर AED 1 million तक का भारी जुर्माना लगाया जा सकता है।
जमीन पर बनने वाले कसीनो और रिसॉर्ट्स
केवल ऑनलाइन प्लेटफॉर्म ही नहीं, बल्कि यूएई सरकार जमीन पर आधारित यानी लैंड-बेस्ड कसीनो और मनोरंजन सुविधाओं को भी बढ़ावा दे रही है। रास अल खैमाह में बनने वाला मशहूर Wynn Al Marjan Island रिसॉर्ट, जिसे अक्टूबर 2024 में पहला कमर्शियल गेमिंग फैसिलिटी ऑपरेटर लाइसेंस मिला था, मार्च 2027 में जनता के लिए खुलने वाला है। इससे पहले जुलाई 2024 में The Game LLC को लाइसेंस दिया गया था जिसे आम तौर पर 'यूएई लॉटरी' के नाम से जाना जाता है। देश के उद्योग विशेषज्ञ यह अनुमान लगा रहे हैं कि साल 2026 के अंत तक अलग-अलग गेमिंग सेक्टर में लगभग पांच से दस नए लाइसेंस और जारी किए जा सकते हैं, जिससे पर्यटन और अर्थव्यवस्था को बड़ा बढ़ावा मिलेगा।