UAE की महिलाओं ने गाजा में संभाला मोर्चा, ऑपरेशन chivalrous knight 3 के तहत दे रही हैं बड़ी राहत.

यूनाइटेड अरब अमीरात यानी UAE की महिलाएं इन दिनों गाजा पट्टी के लोगों की मदद के लिए आगे आई हैं। ये महिलाएं Operation Chivalrous Knight 3 नाम के बड़े मानवीय मिशन में बहुत जरूरी भूमिका निभा रही हैं। सरकारी समाचार एजेंसी WAM के मुताबिक, इन महिलाओं ने स्वास्थ्य सेवाएं देने, राहत सामग्री पहुंचाने और बच्चों, महिलाओं तथा परिवारों की सीधे मदद करने में बड़ा योगदान दिया है। यह पहल उन लोगों की मदद करने के लिए UAE की पुरानी प्रतिबद्धता का हिस्सा है, जिन्हें इसकी सबसे ज्यादा जरूरत है।
गाजा में मानवीय सहायता और यूएई का योगदान
यह पूरा मिशन UAE के राष्ट्रपति महामहिम Sheikh Mohamed bin Zayed Al Nahyan के निर्देशों पर चलाया जा रहा है। गाजा में मानवीय कामों के लिए यह मिशन मुख्य जरिया बन गया है। इस ऑपरेशन का दायरा बहुत बड़ा है और अगस्त 2026 की शुरुआत तक UAE ने समुद्री, हवाई और जमीनी रास्तों से 126,000 टन से ज्यादा सामान पहुंचाकर कुल US$3.89 अरब से अधिक की मानवीय सहायता दी है। इस बारे में अधिक जानकारी ReliefWeb की रिपोर्ट में दी गई है।
सामान पहुंचाने का यह काम एक मजबूत नेटवर्क के जरिए लगातार जारी है। मिस्र के अल अरिश शहर में UAE का एक ह्यूमैनिटेरियन एड लॉजिस्टिक्स सेंटर बनाया गया है, जिसकी मदद से राहत सामग्री लगातार गाजा पहुंच रही है। इस बारे में और बातें WAM की इस रिपोर्ट में पढ़ी जा सकती हैं।
अस्पतालों और शिक्षा के क्षेत्र में मदद
गाजा में स्वास्थ्य सेवाओं को बेहतर रखना सबसे बड़ी प्राथमिकता है। UAE द्वारा संचालित गाजा फील्ड हॉस्पिटल और अल अरिश में बने UAE Floating Hospital में अब तक 230,000 से ज्यादा मरीजों का इलाज किया जा चुका है। इसके अलावा पढ़ाई-लिखाई से जुड़ी जरूरतों को पूरा करने के लिए भी काम हो रहा है। शारजाह चैरिटी इंटरनेशनल की तरफ से एक शैक्षणिक अभियान चलाया गया है, जिसके तहत छात्रों को कॉपियां, पेन और अन्य जरूरी पढ़ाई का सामान बांटा जा रहा है।
अंतरराष्ट्रीय स्तर पर भी UAE के इन कामों की तारीफ की गई है। संयुक्त राष्ट्र के मध्य पूर्व शांति प्रक्रिया के कार्यवाहक विशेष समन्वयक Ramiz Alakbarov ने हाल ही में यह बात कंफर्म की है कि UAE गाजा के लिए सबसे बड़ा मानवीय दाता बना हुआ है। इस मिशन के 1000 दिन पूरे होने पर WAM की वेबसाइट पर विस्तृत रिपोर्ट मौजूद है, जो बताती है कि कैसे महिलाएं इस काम में पूरी शिद्दत से जुटी हुई हैं।