संयुक्त राष्ट्र की रिपोर्ट में अमेरिका के फरवरी हमलों को बताया गया युद्ध अपराध, वॉशिंगटन ने किया खारिज

Aanya18 September 20262 min read55 viewsWorld
संयुक्त राष्ट्र की रिपोर्ट में अमेरिका के फरवरी हमलों को बताया गया युद्ध अपराध, वॉशिंगटन ने किया खारिज

फरवरी महीने में ईरान के मिनब और लामर्ड शहरों में हुए अमेरिकी हवाई हमलों को लेकर संयुक्त राष्ट्र की एक बड़ी और गंभीर रिपोर्ट सामने आई है। संयुक्त राष्ट्र की स्वतंत्र अंतरराष्ट्रीय तथ्य-अन्वेषण टीम ने जिनेवा में मानवाधिकार परिषद के सामने अपनी रिपोर्ट पेश की है, जिसमें इन हमलों को स्पष्ट रूप से युद्ध अपराध करार दिया गया है। Kazem Gharibabadi, जो कि ईरान के कानूनी और अंतरराष्ट्रीय मामलों के उप विदेश मंत्री हैं, उन्होंने 18 सितंबर 2026 को यह जानकारी साझा की और बताया कि यह कोई सामान्य ऑपरेशनल गलती नहीं थी बल्कि एक गंभीर जुर्म था।

स्कूल पर हमले में हुई बच्चों की मौत

रिपोर्ट के अनुसार, मिनब के शजरेह तय्येबाह प्राइमरी स्कूल पर जो हवाई हमला हुआ था, उसमें 150 से ज्यादा लोगों की जान चली गई थी। इस भीषण हमले में लगभग 120 मासूम बच्चे भी शामिल थे जिन्हें अपनी जान गंवानी पड़ी। जांच टीम ने अपनी रिपोर्ट में इस बात का जिक्र किया है कि वह स्कूल पूरी तरह से एक स्पष्ट नागरिक इलाका था और वहां किसी भी तरह की सैन्य गतिविधि का कोई सबूत नहीं मिला। अमेरिकी सेना द्वारा टारगेट की जानकारी को अपडेट न करने की बात को लापरवाही से बहुत आगे की श्रेणी में रखा गया है। इसके अलावा लामर्ड शहर में हुए हमले में टंगस्टन पेललेट्स के फैलने से 22 आम नागरिकों की मौत हो गई थी। ईरानी अधिकारी ने इस दुखद घटना का जिक्र करते हुए कहा कि इतिहास इस बात को कभी नहीं भूलेगा कि कैसे एक स्कूल को खून से रंग दिया गया और खेल के मैदान को आम लोगों के लिए कत्लगाह बना दिया गया।

अमेरिका का तीखा رد और परिषद से नाम वापसी

इस पूरी स्थिति के बीच अमेरिका सरकार ने 17 सितंबर 2026 की रात को संयुक्त राष्ट्र मानवाधिकार परिषद से औपचारिक रूप से हटने की घोषणा कर दी। व्हाइट हाउस की प्रवक्ता Anna Kelly ने 18 सितंबर को इस यूएन रिपोर्ट को सिरे से खारिज कर दिया। उन्होंने मानवाधिकार परिषद पर अमेरिका विरोधी बयानबाजी करने का आरोप लगाया और यह दावा किया कि इस संघर्ष के दौरान केवल ईरानी शासन ही ऐसा पक्ष है जो लगातार युद्ध अपराध कर रहा है। इससे पहले जून के महीने में राष्ट्रपति Donald Trump ने यह कहा था कि इस पूरे मामले की जांच की जा रही है और अमेरिकी कार्रवाई का इरादा किसी को नुकसान पहुंचाने का नहीं था। पेंटागन ने भी 18 सितंबर को यह पुष्टि की कि उनकी अंदरूनी जांच अभी भी चल रही है, हालांकि उन्होंने संयुक्त राष्ट्र के इन नए निष्कर्षों पर आगे कुछ भी बोलने से इंकार कर दिया।

GulfHindi की हर खबर सबसे पहलेJoin
Share:

Comments

Leave a comment