अमेरिका के हवाई हमले से ईरान में मचा कोहराम, शादी के घर पर गिरा बम, पांच लोगों की मौत.

मंगलवार, 1 सितंबर 2026 को ईरान के होरमोझगान प्रांत के सिरिक काउंटी के कुहेस्ताक शहर में एक बड़ा हादसा हुआ। अमेरिका की ओर से किए गए एक हवाई हमले में एक रिहायशी मकान को निशाना बनाया गया, जहां उस समय एक शादी का जश्न चल रहा था। इस भयानक हमले में एक बच्चे समेत कुल पांच बेकसूर लोगों की जान चली गई। ईरान की रेड क्रिसेंट सोसाइटी के मुताबिक, इस दुखद घटना में 50 से ज्यादा लोग गंभीर रूप से घायल भी हुए हैं, जिनका इलाज अस्पताल में चल रहा है।
शादी की खुशियां मातम में बदलीं
होरमोझगान के डिप्टी गवर्नर अहमद नफिसी ने इस बात की पुष्टि की है कि जिस घर में शादी की रस्में चल रही थीं, अमेरिकी सेना ने उसी मकान पर बमबारी की। यह सैन्य कार्रवाई अमेरिकी सेंट्रल कमांड यानी CENTCOM द्वारा शुरू किए गए हमलों का ही एक हिस्सा थी। अमेरिका ने ईरान के इस्लामिक रिवोल्यूशनरी गार्ड कॉर्प्स यानी IRGC से जुड़ी सैन्य ठिकानों पर हमले फिर से तेज कर दिए हैं। महीने भर की नरमी के बाद 30 अगस्त 2026 को इन हमलों को दोबारा शुरू किया गया था, जो 1 सितंबर तक जारी रहे।
अमेरिका और ईरान आमने-सामने
CENTCOM का कहना था कि इन हमलों का मुख्य मकसद IRGC के एयर डिफेंस सिस्टम, रडार नेटवर्क, समुद्री हथियार, बारूदी सुरंग बिछाने की क्षमता और संचार प्रणालियों को तबाह करना था। अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने इस सैन्य कार्रवाई को पूरी तरह सही ठहराया। उनका आरोप था कि ईरान होरमुज जलडमरूमध्य में समुद्र के अंदर बारूदी सुरंगें बिछाने की कोशिश कर रहा था और जॉर्डन में अमेरिकी बेस पर हमला करने की नाकाम कोशिश भी की थी। दूसरी तरफ, CENTCOM के प्रवक्ता कैप्टन टिम हॉकिंस ने नागरिकों के हताहत होने की खबरों पर कहा कि उन्हें इसकी जानकारी है, लेकिन ये दावे सिर्फ ईरानी सरकारी मीडिया से आ रहे हैं और अमेरिकी सेना कभी भी आम नागरिकों को निशाना नहीं बनाती है।
ईरान ने दी कड़ी चेतावनी
ईरान के विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता इस्माइल बघाई ने इस हमले को बर्बरता करार देते हुए कहा कि यह अमेरिका के जुल्मों की लंबी लिस्ट का हिस्सा है और तेहरान इसका बहुत कड़ा जवाब देगा। ईरान के राष्ट्रपति मसूद पेजेश्कियन ने भी इस हमले की कड़ी निंदा करते हुए इसके लिए सीधे तौर पर अमेरिका और इजराइल को जिम्मेदार ठहराया। इस हमले के तुरंत बाद जवाबी कार्रवाई करते हुए IRGC ने जॉर्डन में अमेरिकी सैन्य ठिकाने कैंप टिटिन और बहरीन के शेख ईसा एयरबेस पर मिसाइल और ड्रोन से हमले किए। जॉर्डन प्रशासन ने जानकारी दी कि उन्होंने हवा में ही 10 बैलिस्टिक मिसाइलों को सफलता पूर्वक मार गिराया, जबकि संयुक्त अरब अमीरात यानी UAE ने भी एक ईरानी ड्रोन को हवा में ही रोक लिया। IRGC ने चेतावनी दी है कि सिरिक में हुए इस हमले की बहुत भारी कीमत अमेरिका को चुकानी होगी।