अमेरिका ने ईरान पर किए ताबड़तोड़ हमले, IRGC के ठिकानों को बनाया निशाना, मची खलबली.

मध्य पूर्व में तनाव उस समय और बढ़ गया जब US Central Command (CENTCOM) ने मंगलवार, 1 सितंबर 2026 को ईरान के अंदर इस्लामिक रिवोल्यूशनरी गार्ड कॉर्प्स (IRGC) के ठिकानों पर बड़े पैमाने पर सैन्य कार्रवाई पूरी करने का ऐलान किया। इस सैन्य ऑपरेशन के दौरान अमेरिका ने ईरान के रडार सिस्टम, एयर डिफेंस साइट्स, कम्युनिकेशन हब, समुद्री सुविधाओं और बारूदी सुरंग बिछाने की क्षमताओं को पूरी तरह से निशाना बनाया। यह कार्रवाई ईरान की तरफ से होर्मुज जलडमरूमध्य में समुद्री बारूदी सुरंग बिछाने की कोशिश और क्षेत्र में अमेरिकी सैन्य कर्मियों पर किए गए मिसाइल हमलों के जवाब में की गई है।
राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने सोशल मीडिया पर की पुष्टि
अमेरिका के राष्ट्रपति Donald Trump ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म Truth Social के जरिए इन हमलों की आधिकारिक पुष्टि की। उन्होंने बताया कि ईरान ने होर्मुज जलडमरूमध्य में समुद्री सुरंगें लगाने की कोशिश की थी और जॉर्डन में स्थित अमेरिकी सैन्य बेस पर आठ मिसाइलें दागी थीं, जिन्हें अमेरिकी रक्षा प्रणाली ने सफलतापूर्वक हवा में ही रोक लिया। राष्ट्रपति ट्रंप ने ईरान को कड़ी चेतावनी देते हुए साफ कर दिया कि अगर ईरान की तरफ से दोबारा कोई जवाबी कार्रवाई की जाती है, तो उसका सामना बहुत बड़े बल से किया जाएगा। उन्होंने यह भी दावा किया कि इससे भी बड़ा हमला करने के लिए अमेरिकी सेना पूरी तरह तैयार बैठी है। यह पूरा विवाद उस वीकेंड की घटना के बाद भड़का है जब अमेरिकी बलों ने लारक द्वीप पर दो रॉकेट लॉन्चर नष्ट कर दिए थे, जिसके बाद ईरान ने जॉर्डन की तरफ मिसाइलें दागी थीं। जॉर्डन में कुल 10 बैलिस्टिक मिसाइलें दागी गईं जिनमें से ज्यादातर को बीच में ही रोक लिया गया जबकि तीन मिसाइलें सुनसान इलाकों में आकर गिरीं।
ईरानी मीडिया के दावे और क्षेत्रीय असर
दूसरी तरफ, ईरान के सरकारी मीडिया संस्थान IRIB की रिपोर्ट के मुताबिक, बंदर अब्बास, अहवाज़ और सिरिक शहरों में जोरदार धमाकों की आवाजें सुनी गईं, जिसकी वजह से होर्मोज़गान प्रांत के बड़े हिस्से में बिजली गुल हो गई और लोगों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ा। IRIB ने यह भी आरोप लगाया कि सिरिक में हुए एक हमले की चपेट में एक शादी समारोह आ गया जिसमें चार लोगों की मौत हो गई और 35 लोग घायल हो गए। हालांकि, अमेरिका की तरफ से इन दावों पर अभी तक कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया सामने नहीं आई है। इसके अलावा, ईरान की फार्स और तस्नीम न्यूज एजेंसियों ने यह भी दावा किया कि ईरानी सशस्त्र बलों ने बहरीन में एक सैन्य बेस को निशाना बनाकर ड्रोन हमले किए हैं।
आगे की चेतावनी और ऊर्जा मार्गों पर असर
अमेरिकी सैन्य कार्रवाई के बाद, तस्नीम न्यूज एजेंसी द्वारा कोट किए गए एक वरिष्ठ ईरानी सैन्य अधिकारी ने चेतावनी दी है कि ईरान की तरफ से इसका कई गुना बड़ा पलटवार किया जाएगा। ईरान के खातम अल-अंबिया सेंट्रल हेडक्वार्टर के जनरल स्टाफ ने भी अमेरिकी ताकतों को कुचलने और तबाह करने वाली चोट देने की कसम खाई है। इस बढ़ते तनाव के बीच अमेरिकी वित्त सचिव Scott Bessent ने कहा है कि होर्मुज जलडमरूमध्य का वैश्विक ऊर्जा कॉरिडोर के रूप में रणनीतिक महत्व आने वाले समय में कम हो सकता है क्योंकि क्षेत्रीय देश इस तंग रास्ते से बचने के लिए नए पाइपलाइन विकल्पों पर विचार कर रहे हैं। इस पूरे घटनाक्रम से खाड़ी देशों में रहने वाले लोगों और कामगारों के बीच चिंता का माहौल बना हुआ है, क्योंकि सुरक्षा हालात लगातार बिगड़ते जा रहे हैं।