Saudi Arabia पर बड़ा हमला, ईरान का हाथ होने पर अमेरिका ने दी चेतावनी, सऊदी ने कड़ा रुख अपनाया.

Praggya Singh sabal8 September 20263 min read69 viewsSaudi
Saudi Arabia पर बड़ा हमला, ईरान का हाथ होने पर अमेरिका ने दी चेतावनी, सऊदी ने कड़ा रुख अपनाया.

सऊदी अरब पर हुए हालिया हमलों के बाद अंतरराष्ट्रीय राजनीति में हलचल तेज हो गई है और अमेरिका ने इस मामले में सीधा बयान जारी किया है। 8 सितंबर 2026 को अमेरिका के विदेश मंत्री Marco Rubio ने एक बयान में साफ कहा कि सऊदी अरब पर हुए इन हमलों के पीछे साफ तौर पर ईरान का हाथ है। उन्होंने हौथी विद्रोहियों को ईरान का एजेंट और प्रॉक्सी बताया है। अमेरिका इस पूरी स्थिति पर कड़ी नजर बनाए हुए है और रियाद के साथ अपने मजबूत रक्षात्मक सैन्य संबंधों को पूरी तरह से निभा रहा है। आम नागरिकों की सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए खाड़ी देशों में चिंता का माहौल देखा जा रहा है।

सऊदी अरब के अहम ठिकानों पर मिसाइल और ड्रोन से हमला

दक्षिणी सऊदी अरब के कई नागरिक और आर्थिक ठिकानों को निशाना बनाकर बड़े पैमाने पर मिसाइल और ड्रोन हमले किए गए। इन हमलों की चपेट में किंग खालिद एयर बेस, आभा इंटरनेशनल एयरपोर्ट और आभा तथा जिजान में स्थित अरामको की सुविधाएं आईं। पिछले कई सालों में इन हमलों को सबसे भारी और खतरनाक माना जा रहा है। इस हिंसक कार्रवाई में कम से कम 73 नागरिक घायल हुए, जिनमें महिलाएं और बच्चे भी शामिल हैं। इसके अलावा कई तेल साइटों पर काम को अस्थायी रूप से रोकना पड़ा, जिससे कामकाज पर भी असर पड़ा। जुलाई में चार साल के संघर्षविराम के टूटने के बाद इस तनाव को संघर्ष में एक बड़ा मोड़ माना जा रहा है।

GulfHindi की हर खबर सबसे पहलेJoin

हौथी विद्रोहियों का दावा और क्षेत्रीय तनाव

इन हमलों की जिम्मेदारी हौथी विद्रोहियों ने ली है और उनका कहना है कि उन्होंने यह कदम तेहरान के समर्थन में उठाया है। विद्रोहियों ने दावा किया कि सऊदी अरब द्वारा एक जेल पर किए गए हमले में 11 लोगों की मौत हो गई थी, जिसके जवाब में यह कार्रवाई की गई। इस घटना के बाद सऊदी अरब ने कड़ा रुख अपनाते हुए सख्त सैन्य प्रतिक्रिया देने का संकल्प लिया है। देश की सेना को राष्ट्रीय संप्रभुता की रक्षा के लिए सभी आवश्यक कदम उठाने का अधिकार दिया गया है, जिसमें यदि क्षेत्रीय आक्रामकता जारी रहती है तो ईरान के खिलाफ सीधी कार्रवाई भी शामिल है।

सऊदी नेतृत्व की चेतावनी और अंतरराष्ट्रीय निंदा

सऊदी क्राउन प्रिंस Mohammed bin Salman ने ईरान को गंभीर परिणामों की चेतावनी दी है। वहीं एक सैन्य प्रवक्ता ने कहा है कि यदि उकसाया गया तो सऊदी सेना कड़ा प्रहार करने के लिए पूरी तरह तैयार है। इस हिंसा की अंतरराष्ट्रीय स्तर पर कड़ी निंदा की गई है। खाड़ी सहयोग परिषद यानी जीसीसी के महासचिव Jasem Mohamed Albudaiwi और कुवैत सरकार ने इन हमलों को आतंकवादी कृत्य और अंतरराष्ट्रीय कानून का खुला उल्लंघन बताया है। मिस्र के विदेश मंत्रालय ने भी एक बयान जारी कर इस हिंसा की निंदा की है।

अमेरिका का आर्थिक शिकंजा और प्रतिबंध

ईरान पर दबाव बढ़ाने के लिए अमेरिका ने 'ऑपरेशन इकोनॉमिक आउटकास्ट' के तहत आर्थिक कार्रवाई तेज कर दी है। इसके तहत नई पाबंदियां लगाई गई हैं जो विशेष रूप से ईरानी एयरलाइंस को निशाना बनाती हैं। अमेरिकी ट्रेजरी सचिव Scott Bessent ने अंतरराष्ट्रीय कंपनियों को चेतावनी दी है कि वे इन प्रतिबंधित संस्थाओं के साथ किसी भी तरह का व्यापार न करें। इस कदम का मुख्य उद्देश्य ईरानी सरकार की वित्तीय जीवन रेखा को पूरी तरह से काटना है, ताकि क्षेत्रीय स्थिरता को फिर से बहाल किया जा सके।

Share:

Comments

Leave a comment