West Bank और Gaza में हिंसा तेज, सेटlers के हमले में NBC News की टीम घायल और बच्चे की मौत.

पश्चिमी तट यानी West Bank और गाजा पट्टी में अगस्त के आखिरी दिनों में हिंसा बहुत ज्यादा बढ़ गई है। 29 से 30 अगस्त 2026 के बीच इजरायली सेटlers ने फिलिस्तीनियों और मीडियाकर्मियों पर अचानक हमले किए। इस दौरान ना Nablus के पास जलूद शहर में NBC News के विदेशी संवाददाता Matt Bradley, उनके कैमरापर्सन, प्रोड्यूसर और ड्राइवर को चोटें आईं। इसी हमले में एक फिलिस्तीनी महिला Aida Ahmed Abdullah भी बेहोश हो गईं। हिंसा का यह दौर यहीं नहीं रुका और 31 अगस्त 2026 की रात को सेटlers ने रामल्लाह के पास बुरका गांव में धावा बोल दिया, जहां उन्होंने स्थानीय लोगों को पीटा और मवेशी चुरा लिए। इसके बाद इजरायली बलों ने 1 सितंबर 2026 को बिल्डिंग परमिट न होने का हवाला देते हुए नablus और बुरका में कई फिलिस्तीनी घरों को गिरा दिया।
अंतरराष्ट्रीय नेताओं की प्रतिक्रिया और निंदा
इस पूरे मामले पर दुनिया भर के बड़े नेताओं ने अपनी बात रखी है। इजरायल के प्रधानमंत्री Benjamin Netanyahu ने इन हमलों को आपराधिक हिंसा करार दिया है। वहीं दूसरी ओर, अमेरिका के राजदूत Mike Huckabee ने सेटlers की इन हरकतों को सीधा आतंकवाद बताया है। इस बढ़ती हिंसा और तनाव पर चर्चा करने के लिए यूरोपीय संघ यानी European Union के विदेश मंत्री आयरलैंड में 1 सितंबर 2026 को बैठक करने वाले हैं। अधिकारियों का मानना है कि इस तरह की घटनाओं से इलाके में शांति स्थापित करना और ज्यादा मुश्किल होता जा रहा है। आम लोग भी इन घटनाओं से काफी डरे हुए हैं और सुरक्षा को लेकर चिंता जाहिर कर रहे हैं।
Gaza में हवाई हमला और बच्चे की मौत
गाजा पट्टी में भी हालात बेहद खराब बने हुए हैं। 30 या 31 अगस्त 2026 को दीर अल-बलाह इलाके में एक बेकरी के पास इजरायली हवाई हमला हुआ। इस हमले में 3 साल के बच्चे Tayyem Hamdan और Hussam Nusair नाम के एक व्यक्ति की मौत हो गई। इजरायली सेना का दावा था कि यह हमला एक हमास फाइटर को निशाना बनाकर किया गया था जो इजरायली बलों और नागरिकों पर हमलों के लिए जिम्मेदार था। संयुक्त राष्ट्र के महासचिव António Guterres ने इस मासूम बच्चे की मौत को पूरी तरह अस्वीकार्य बताया है और तुरंत संघर्ष रोकने की अपील की है। इसके अलावा संयुक्त राष्ट्र के प्रवक्ता Stéphane Dujarric ने यह भी जानकारी दी कि आसपास हुए हवाई हमलों की वजह से ऐतिहासिक Al-Aqsa Hospital के परिसर को भी नुकसान पहुंचा है।
Itamar Ben-Gvir का AI वीडियो विवाद
इन सबके बीच इजरायल के राष्ट्रीय सुरक्षा मंत्री Itamar Ben-Gvir ने एक नया विवाद खड़ा कर दिया है। उन्होंने 30 या 31 अगस्त 2026 को सोशल मीडिया पर एक AI से बना यानी आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस वाला वीडियो शेयर किया जिसे बाद में डिलीट कर दिया गया। इस वीडियो में फिलिस्तीनी कैदियों को एक कनवर्मी बेल्ट पर जेल के अंदर जाते हुए दिखाया गया था, जिसमें वे काफी दुबले-पतले और परेशान नजर आ रहे थे। इस वीडियो के साथ कैप्शन लिखा था कि हमने वादा किया और हमने पूरा किया। इस वीडियो के सामने आते ही इसकी चौतरफा निंदा शुरू हो गई। कैदियों के अधिकारों के लिए काम करने वाली संस्था Committee Against Torture ने केंद्रीय चुनाव समिति में इसकी शिकायत दर्ज कराई। इस संस्था का कहना था कि यह सरकारी संपत्ति का राजनीतिक फायदे के लिए गलत इस्तेमाल है और इससे जेल में बुरी हालत में रह रहे कैदियों की गरिमा को ठेस पहुंची है। समिति ने यह भी याद दिलाया कि मंत्री बेन-ग़वीर पर चुनाव प्रचार के ऐसे ही तौर-तरीकों को लेकर पहले भी जुर्माना लग चुका है।