यमन सेना ने रणनीतिक हुविशियन पर्वत श्रृंखला पर जमाया कब्जा, हूतियों को बड़ा झटका
यमनी सरकारी बलों ने अल-जौफ में रणनीतिक हुविशियन पर्वत श्रृंखला पर नियंत्रण कर लिया है, जिससे हूती विद्रोहियों की सप्लाई लाइन कट गई है।

अल-जौफ: यमनी सरकारी सेना ने अल-जौफ प्रांत की राजधानी अल-हज़्म के पूर्व में स्थित रणनीतिक हुविशियन पर्वत श्रृंखला पर पूरी तरह नियंत्रण कर लिया है। 30 अक्टूबर 2026 को शुरू हुआ यह सैन्य अभियान 31 अक्टूबर को सफलतापूर्वक संपन्न हुआ।
इस ऑपरेशन का नेतृत्व मेजर जनरल यासिर अब्दुल्ला अल-माबारी की कमान वाली फर्स्ट इमरजेंसी फोर्सेस डिवीजन ने किया। इस कार्रवाई में स्थानीय आदिवासी लड़ाकों ने सेना का साथ दिया, जबकि 'कोएलिशन टू रिस्टोर लेजिटिमेसी इन यमन' ने हवाई हमलों के जरिए भारी समर्थन दिया।
यह जीत 'यमन डॉन' नामक एक बड़े सैन्य अभियान का हिस्सा है। इस अभियान का मुख्य उद्देश्य ताइज़ के मोर्चों को मजबूत करना और हूती बलों के कब्जे वाले इलाकों को वापस लेना है।
मैदानी रिपोर्टों के मुताबिक, इस लड़ाई में हूती लड़ाकों के कई लोग मारे गए हैं और कुछ को बंदी बना लिया गया है। सरकारी बलों ने इलाके से भारी मात्रा में हथियार, सैन्य उपकरण और गोला-बारूद भी जब्त किया है।
हवाई हमलों के दौरान गठबंधन सेना ने हूतियों के दर्जनों वाहनों और बख्तरबंद यूनिट्स को पूरी तरह तबाह कर दिया।
सैन्य विश्लेषकों के अनुसार, हुविशियन पहाड़ अल-हज़्म शहर के लिए प्राथमिक रक्षा पंक्ति का काम करते हैं। इन ऊंचाइयों पर कब्जा करने से अल-अलम मोर्चे की ओर जाने वाली हूतियों की सप्लाई लाइन पूरी तरह कट गई है।
यह पर्वत श्रृंखला अल-मज़ारीक क्षेत्र के लिए एक महत्वपूर्ण सैन्य प्रवेश द्वार भी है। अब सरकारी सैनिकों के पास अल-हज़्म के आसपास के प्रमुख स्थानों की रणनीतिक निगरानी करने की सुविधा होगी।