यमन के सना में सऊदी हवाई हमला, महदी अल-मशात बोले- जिम्मेदार भुगतेंगे
सना के अल-शर्या इलाके में सऊदी गठबंधन के हवाई हमले में 22 लोगों की जान गई। महदी अल-मशात ने इसे कत्लेआम बताते हुए जवाब देने की बात कही है।

सना: यमन की सुप्रीम पॉलिटिकल काउंसिल के प्रमुख महदी अल-मशात ने सना प्रांत के बनी हुशैश जिले के अल-शर्या इलाके में सऊदी नेतृत्व वाले गठबंधन द्वारा किए गए हवाई हमले के बाद कड़ा रुख अपनाया है। अल-मशात ने इस घटना के लिए जिम्मेदार लोगों को जवाबदेह ठहराने का औपचारिक वादा किया है।
इस हमले में अब तक 22 लोगों की मौत की पुष्टि हुई है, जबकि 30 अन्य घायल हुए हैं। हूती समर्थित रिपोर्टों के मुताबिक, मरने वालों में ज्यादातर महिलाएं और बच्चे शामिल हैं। अल-मशात ने इस घटना की कड़ी निंदा करते हुए इसे एक कत्लेआम करार दिया है और कहा है कि सना इस जानमाल के नुकसान का हिसाब लेगा।
अंसार अल्लाह (हूती) पॉलिटिकल ब्यूरो ने एक बयान जारी कर कहा कि यमनी खून मुफ्त नहीं है। ब्यूरो का यह भी दावा है कि सैन्य विमानों ने जानबूझकर उन पैरामेडिक्स को निशाना बनाया जो हमले वाली जगह पर घायलों की मदद कर रहे थे। हालांकि, हताहतों की संख्या और घटना के विवरण का अभी स्वतंत्र रूप से सत्यापन होना बाकी है।
यह हमला क्षेत्रीय तनाव में भारी बढ़ोतरी के बीच हुआ है। इससे पहले 7 नवंबर, 2026 को सऊदी नेतृत्व वाले गठबंधन ने दावा किया था कि उन्होंने रियाद की ओर दागी गई हूती क्रूज मिसाइल को बीच में ही नष्ट कर दिया था।
इसी बीच ऐसी खबरें भी आई हैं कि हूती आंदोलन के खिलाफ यमनी सरकार और गठबंधन की मदद के लिए 3,000 सीरियाई सैनिकों की तैनाती की योजना बनाई गई है। 2022 में संयुक्त राष्ट्र की मध्यस्थता में हुए युद्धविराम के बाद से बनी स्थिरता अब तेजी से घट रही है, जिससे राजनीतिक मान्यता और मुआवजे के लिए चल रहे राजनयिक प्रयासों में मुश्किलें बढ़ गई हैं।