Yemen News: यमीनी सेना का हूती ठिकानों पर बड़ा हमला, ड्रोन और तोपखाने से की गई कार्रवाई.

Sushma Kumari19 September 20262 min read26 viewsYemen
Yemen News: यमीनी सेना का हूती ठिकानों पर बड़ा हमला, ड्रोन और तोपखाने से की गई कार्रवाई.

यमीनी सशस्त्र बलों ने दक्षिणी मारिब के विभिन्न हिस्सों में हूती विद्रोहियों के ठिकानों, सभाओं और वाहनों पर तोपखाने और ड्रोन हमलों के जरिए एक बड़ा सैन्य अभियान शुरू किया है। 19 सितंबर 2026 को हुई इस कार्रवाई में सरकारी बलों ने रणनीतिक रूप से महत्वपूर्ण उम्म रिश और अक़बा माला'आ कैंपों को सफलताપૂર્વક निशाना बनाया। इसके अलावा, सेना ने इस क्षेत्र में हूती विद्रोहियों के घुसपैठ के प्रयास को भी पूरी तरह से नाकाम कर दिया, जहां वादी धाना और अल-बलक में तोपखाने की आग से उग्रवादियों की गतिविधियों को पीछे धकेल दिया गया।

अल-जुबा और हरीब क्षेत्रों में भी हवाई हमले

अल-जुबा जिले के पूर्व 26वें ब्रिगेड कैंपों और हरीब क्षेत्र में हूती लड़ाकों की सुदृढ़ीकरण और सभाओं पर भी सटीक हवाई हमले किए गए। यमीनी सशस्त्र बलों के आधिकारिक प्रवक्ता कर्नल माजिद अल-नुजैली ने इस बात की पुष्टि की कि हालिया तनाव के बाद राष्ट्रीय सुरक्षा की रक्षा करने और निर्दोष नागरिकों को बचाने के लिए यह सैन्य अभियान पूरी तरह से कानूनी और वैध अधिकार के तहत चलाया गया है। उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि सभी बल एक एकीकृत कमान संरचना के तहत काम कर रहे हैं और आगे भी उग्रवादियों की लगातार आक्रामकता का कड़ा और निर्णायक जवाब दिया जाएगा।

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हूतियों की जवाबी कार्रवाई और नागरिकों पर असर

दूसरी तरफ, हूती (अंसार अल्लाह) ने दावा किया कि उन्होंने मारिब के सहन अल-जीन सैन्य शिविर को भारी संख्या में मिसाइलों और ड्रोनों से निशाना बनाया, जिससे वहां सैनिकों, गोदामों और सैन्य उपकरणों को नुकसान पहुँचा। यह मौजूदा तनाव 18 सितंबर 2026 को हूती हमलों की श्रृंखला के बाद और बढ़ गया, जिसमें मारिब शहर के रिहायशी इलाकों और विस्थापन शिविरों पर लगभग 30 मिसाइलें और ड्रोन दागे गए थे। इन हमलों में दो नागरिकों की मौत हो गई थी और 14 अन्य लोग गंभीर रूप से घायल हो गए थे।

अन्य मोर्चों पर झड़पें और हताहत

मारिब में चल रही लड़ाई के साथ-साथ, यमीनी सरकारी बलों ने शहर के पश्चिम में अल-मशजाह मोर्चे पर भी रणनीतिक बढ़त हासिल की, जिससे हूतियों को पीछे हटने पर मजबूर होना पड़ा और उनके कई वाहन नष्ट हो गए। इसके अलावा, बाब अल-मंडेब जलडमरूमध्य के पास हुई झड़पों में सात हूती सदस्य मारे गए, जिनमें एक वरिष्ठ कमांडर फिराक मोहसेन अल-अस्सार और उनके छह सहयोगी शामिल थे। हिंसा में यह भारी बढ़ोतरी उस व्यापक संघर्ष का हिस्सा है जो जुलाई की शुरुआत में शुरू हुआ था और सितंबर 2026 के दौरान यमन के कई प्रांतों में तेजी से फैल चुका है।

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