Yemen Drone Attack: यमीनी सशस्त्र बलों का बड़ा हमला, अल-धाले प्रांत में हौथी मिलिशिया के ठिकाने पर गिराया ड्रोन.

यमन के दक्षिण-पश्चिम हिस्से में सैन्य गतिविधियों में अचानक तेजी देखने को मिली है, जहां सरकारी सशस्त्र बलों ने एक बड़ी कार्रवाई को अंजाम दिया है। शुक्रवार, 28 अगस्त 2026 को यमीनी सेना ने अल-धाले प्रांत में हौथी मिलिशिया के मुख्य कमांड पोस्ट और मुख्यालय पर एक हवाई ड्रोन हमला किया। इस मिलिशिया ठिकाने का इस्तेमाल कथित तौर पर लड़ाकू अभियानों के लिए किया जा रहा था, जिसे सेना ने सटीक निशाना बनाया। सरकारी बलों की इस कार्रवाई से इलाके में हड़कंप मच गया है और यह हमला दोनों पक्षों के बीच बढ़ते तनाव को साफ दिखाता है।
हौथी मिलिशिया के हथियार गोदाम और ठिकाने पर हुई कार्रवाई
सरकारी मीडिया एजेंसी सबा ने अपने एक आधिकारिक बयान में इस बात की जानकारी दी है। रिपोर्ट के अनुसार, इस सैन्य ऑपरेशन में हौथी मिलिशिया के गोला-बारूद डिपो यानी एम्युनिशन डिपो और लड़ाकों के इकट्ठा होने की जगह को पूरी तरह से निशाना बनाया गया। यह पूरा हमला दमत शहर के दक्षिणी हिस्से के पास स्थित अल-फिरदौस चेकपॉइंट के नजदीक हुआ। सऊदी न्यूज ने भी इस बात की पुष्टि की है कि जिस जगह पर हमला किया गया, उसका इस्तेमाल युद्ध से जुड़ी गतिविधियों के लिए ही हो रहा था। हालांकि, इस हमले के बाद अभी तक किसी भी प्रकार के जानमाल के नुकसान या बुनियादी ढांचे को पहुंचे नुकसान की आधिकारिक जानकारी सामने नहीं आई है।
तनावपूर्ण हालात और क्षेत्रीय प्रतिक्रियाएं
यमन सरकार और हौथी विद्रोहियों के बीच चल रहे संघर्ष में पिछले कुछ दिनों से काफी तेजी आई है। यमन की वर्तमान सरकार को एक सऊदी-नीत गठबंधन का पूरा समर्थन प्राप्त है, जो इन विद्रोही गतिविधियों पर लगाम लगाने का प्रयास कर रहा है। इसके साथ ही, कई क्षेत्रीय विश्लेषकों और देशों का यह लगातार आरोप रहा है कि हौथी आंदोलन को बाहर से ईरान का समर्थन मिल रहा है, जिसकी वजह से इस क्षेत्र में शांति स्थापित होना मुश्किल हो रहा है। इस ताजा ड्रोन हमले के बाद से हौथी मिलिशिया की तरफ से अभी तक कोई भी आधिकारिक प्रतिक्रिया या बयान जारी नहीं किया गया है, लेकिन आने वाले दिनों में इस क्षेत्र की स्थिति पर सभी की नजरें टिकी हुई हैं।