हूती मिलिशिया के मिसाइल हमलों के बावजूद यमन सेना ने फज्र अल-यमन ऑपरेशन को जारी रखने का फैसला किया

यमन: यमन की सेना ने साफ कर दिया है कि वह अपने 'फज्र अल-यमन' ऑपरेशन को तब तक जारी रखेगी जब तक सभी रणनीतिक लक्ष्य हासिल नहीं कर लिए जाते। सेना ने कहा है कि हूती मिलिशिया द्वारा हाल ही में बढ़ाए गए हमलों से उनके मिशन पर कोई असर नहीं पड़ेगा और वे पीछे नहीं हटेंगे।
एक आधिकारिक बयान के मुताबिक, हूती मिलिशिया ने कई जगहों पर हमले किए हैं। इसमें अदन एयरपोर्ट को एक बैलिस्टिक मिसाइल से निशाना बनाया गया, जबकि मुकल्ला के अल-रयान एयरपोर्ट पर तीन बैलिस्टिक मिसाइलें दागी गईं। इसके अलावा, मिलिशिया ने ताइज़ गवर्नरशिप के बीर बाशा में स्थित एक स्पंज फैक्ट्री पर भी हमला किया है।
यमन सेना ने हूती मिलिशिया पर पाखंड का आरोप लगाया है। सेना ने कहा कि एक तरफ यह समूह दावा करता है कि वह घेराबंदी में है, वहीं दूसरी तरफ वह मिसाइलों और ईरान निर्मित ड्रोनों के जरिए यमन की आम जनता को बंधक बनाकर रख रहा है।
सैन्य अधिकारियों के मुताबिक, हूती मिलिशिया के इन हमलों का मकसद बुनियादी ढांचे, यात्रा द्वारों और नागरिकों की रोजी-रोटी को तबाह करना है। उन्होंने यह भी बताया कि जब भी मिलिशिया को युद्ध के मैदान में बड़ी हार का सामना करना पड़ता है, तो वह नागरिकों पर हमलों को बढ़ा देता है। अधिकारियों ने जोर दिया कि इन उकसावे वाली हरकतों से हूतियों को मौजूदा टकराव से बचने का कोई रास्ता नहीं मिलेगा।