यमन सशस्त्र बलों ने डॉन ऑफ यमन अभियान के तहत 700 हूती लड़ाकों को ढेर किया और 150 से ज्यादा वाहन तबाह किए

यमन: यमन सशस्त्र बलों ने एक बड़े सैन्य ऑपरेशन में हूती मिलिशिया के 700 सदस्यों को खत्म करने का दावा किया है। यह कार्रवाई 'डॉन ऑफ यमन' अभियान के हिस्से के रूप में की गई है। इस ऑपरेशन के दौरान सेना ने हूती विद्रोहियों के 150 से ज्यादा वाहनों को नष्ट या बेकार कर दिया है, जिनमें लड़ाकू वाहन, परिवहन उपकरण और सप्लाई इंफ्रास्ट्रक्चर शामिल हैं।
इसी दिन हूती सैन्य प्रवक्ता याह्या सारी ने दावा किया कि सऊदी अरब ने सना, ताइज, मारिब, लहज, अमरान और मायून द्वीप में नागरिक ठिकानों और बुनियादी ढांचे पर 42 हवाई हमले और मिसाइल हमले किए हैं। दूसरी ओर, सऊदी नेतृत्व वाले गठबंधन ने 127 हूती मिसाइल डिपो और लॉन्च प्लेटफॉर्म को तबाह करने की जानकारी दी है। गठबंधन ने इस सैन्य तनाव के लिए ईरान को जिम्मेदार ठहराया है।
देश में मानवीय स्थिति काफी खराब बनी हुई है। यमन सरकार ने संयुक्त राष्ट्र और सुरक्षा परिषद से ताइज की घेराबंदी खत्म करने के लिए हस्तक्षेप करने की अपील की है। प्रधानमंत्री शायिया मोहसिन अल-ज़िंदानी ने इस नाकाबंदी और नागरिकों को निशाना बनाने की निंदा करते हुए इसे युद्ध अपराध बताया है।
अंतरराष्ट्रीय स्तर पर यमन की विदेश मंत्री अफ़राह अल-ज़ौबा ने चीन के साथ चर्चा की है। यह बातचीत इस आरोप के बीच हुई कि हूती बल अपने हथियार बनाने के कार्यक्रमों में चीनी तकनीक का इस्तेमाल करने की कोशिश कर रहे हैं।
तनाव के बीच रियाद में होने वाले खाड़ी सहयोग परिषद और यूरोपीय संघ के शिखर सम्मेलन को स्थगित कर दिया गया है। यह फैसला सऊदी क्षेत्र को निशाना बनाने वाली हूती मिसाइल गतिविधियों की खबरों के बाद लिया गया, जिसकी वजह से किंग खालिद इंटरनेशनल एयरपोर्ट को अस्थायी रूप से बंद करना पड़ा था। हालांकि, हूती अधिकारियों ने मदीना क्षेत्र को निशाना बनाने के दावों का खंडन किया है।