यमीनी सेना का हूती ठिकानों पर बड़ा सैन्य अभियान, 257 ऑपरेशन्स से मची खलबली

यमन में चल रहे संघर्ष के बीच सुरक्षा बलों ने एक बहुत बड़ा कदम उठाया है। प्राप्त जानकारी के अनुसार, यमीनी सशस्त्र बलों ने देश भर में हूती मिलिशिया की सैन्य क्षमताओं को करारा जवाब देते हुए कुल 257 सटीक लक्षित ऑपरेशन चलाए हैं। इस सैन्य कार्रवाई ने विद्रोही गुटों को भारी नुकसान पहुंचाया है और उनके कई ठिकानों को नेस्तनाबूद कर दिया है।
सैन्य प्रवक्ता ने की पुष्टि
यमीनी सशस्त्र बलों के प्रवक्ता ब्रिगेडियर जनरल माजिद अल-नेजिली ने आधिकारिक तौर पर इस बड़े अभियान की पुष्टि की है। उन्होंने बताया कि नागरिकों की सुरक्षा और देश की संप्रभुता की रक्षा के लिए इस बार व्यापक रणनीति अपनाई गई थी। इन ऑपरेशन्स में युद्धक विमानों, ड्रोन, तोपखाने, मिसाइलों और लॉन्चर्स का प्रभावी इस्तेमाल किया गया।
रणनीतिक रूप से चलाए गए इन हमलों का मुख्य उद्देश्य हूती मिलिशिया के कमांड और कंट्रोल सेंटर्स, हथियारों और गोला-बारूद के गोदामों, और उनकी महत्वपूर्ण सैन्य आपूर्ति लाइनों को नष्ट करना था। साना, मिदि, बाकिम, अल-जौफ, मारिब, अल-बायदा और लाहिज जैसे कई मोर्चों पर ये कार्रवाई की गई, जबकि ताइज़ प्रांत में सबसे ज्यादा गतिविधियां दर्ज की गईं।
भारी जनहानि और उपकरणों का नुकसान
यमीनी सेना के शुरुआती अनुमानों के अनुसार, इन हमलों में कम से कम 700 हूती लड़ाके मारे गए हैं। इसके अलावा, विद्रोहियों के लगभग 170 सैन्य वाहन और अन्य भारी उपकरण भी पूरी तरह तबाह कर दिए गए हैं। सैन्य अधिकारियों का मानना है कि इस भारी क्षति से हूती मिलिशिया की युद्धक क्षमता को बहुत गहरा झटका लगा है।
विश्लेषकों का कहना है कि यह सैन्य वृद्धि यमन के संघर्ष में एक नया मोड़ है, जिसने क्षेत्रीय सुरक्षा और स्थिरता को लेकर नई चर्चाएं छेड़ दी हैं। यमीनी सेना ने स्पष्ट कर दिया है कि वे देश की शांति और सुरक्षा को भंग करने के हर प्रयास का डटकर मुकाबला करने के लिए पूरी तरह तैयार हैं।