यमीनी सेना ने हूती विद्रोहियों पर किए 97 सटीक हमले

यमीनी सशस्त्र बलों ने देश में जारी संघर्ष के बीच हूती मिलिशिया के खिलाफ अपनी सैन्य कार्रवाई को और तेज कर दिया है। हाल ही में सामने आई रिपोर्ट के अनुसार, यमीनी सेना ने महत्वपूर्ण रणनीतिक मोर्चों पर हूती विद्रोहियों के खिलाफ 97 सटीक लक्षित अभियानों को सफलतापूर्वक अंजाम दिया है। इन कार्रवाइयों से हूती गुटों को भारी नुकसान उठाना पड़ा है।
रणनीतिक मोर्चों पर कड़ी कार्रवाई
सेना के प्रवक्ता कर्नल माजिद अब्दुल्ला अल-नुजैली के मुताबिक, ये सैन्य गतिविधियां मुख्य रूप से तुर अल-बाहा मोर्चे और ताएज़ अक्ष के आसपास केंद्रित थीं। इन इलाकों को इस संघर्ष में अत्यधिक सामरिक महत्व का माना जाता है। यमीनी बलों ने इन अभियानों में लड़ाकू विमानों, ड्रोनों, तोपखाने, मिसाइलों और स्नाइपर टीमों सहित विभिन्न प्रकार की युद्धक क्षमताओं का प्रभावी इस्तेमाल किया।
इन 97 सटीक ऑपरेशनों के परिणामस्वरूप बड़ी संख्या में विद्रोही लड़ाके बेअसर हुए और उनके कई सैन्य वाहन, परिवहन साधन तथा रसद उपकरण तबाह या क्षतिग्रस्त हो गए। सेना का यह कदम हाल ही में बढ़ी हुई झड़पों और आक्रामक गतिविधियों के बाद सामने आया है, जिससे क्षेत्र में तनाव का माहौल बना हुआ है।
लगातार बढ़ रहा है सैन्य दबाव
यमीनी सेना द्वारा हाल ही में चलाए गए अभियानों से संकेत मिलता है कि सरकार विद्रोही ठिकानों को नेस्तनाबूद करने के लिए पूरी तरह प्रतिबद्ध है। पिछले कुछ दिनों के दौरान विभिन्न मोर्चों पर भारी गोलीबारी और हवाई हमले देखे गए हैं, जिनमें दोनों पक्षों के बीच भीषण संघर्ष हुआ है। हालांकि, इन दावों पर हूती मिलिशिया की ओर से तत्काल कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया सामने नहीं आई है।
इस लगातार बढ़ते संघर्ष और सैन्य गतिविधियों के बीच अंतरराष्ट्रीय स्तर पर भी चिंता जताई जा रही है। विशेष रूप से ताएज़ क्षेत्र में बिगड़ते हालात को लेकर मानवीय संगठनों और संयुक्त राष्ट्र के प्रतिनिधियों ने नागरिकों की सुरक्षा को लेकर गंभीर चेतावनी जारी की है, क्योंकि बढ़ते हमलों से आम जनजीवन पर भारी संकट मंडरा रहा है।