यमन में बड़ा मुकाबला, सेना ने हूती विद्रोहियों का हमला नाकाम कर Taiz-Aden मार्ग खोला.

यमन की सेना ने हाल ही में एक बड़ी कार्रवाई करते हुए हूती विद्रोहियों के नापाक इरादों को पानी फेर दिया है। यह मामला 24 सितंबर 2026 का है, जब यमन के सुरक्षा बलों ने अल-हायजाह अल-अब्द सड़क पर हूती मिलिशिया द्वारा किए गए घुसपैठ के प्रयास को पूरी तरह विफल कर दिया। यह सड़क ताएज और आदेन शहरों को आपस में जोड़ने वाला एक बेहद जरूरी सप्लाई मार्ग है, जिस पर कब्जा करने की कोशिश विद्रोही लगातार कर रहे थे। इस पूरी सैन्य कार्रवाई की आधिकारिक पुष्टि यमन सशस्त्र बलों के आधिकारिक प्रवक्ता ब्रिगेडियर जनरल माजिद अब्दुल्ला अल-नाजिली ने की है।
सड़क को नागरिकों के लिए दोबारा खोला गया
सेना की इस सफल कार्रवाई के बाद महत्वपूर्ण अल-हायजाह अल-अब्द सड़क को पूरी तरह से सुरक्षित कर लिया गया है। आम नागरिकों और सिविल यात्रियों को आवाजाही में कोई परेशानी न हो, इसलिए इस रास्ते को फिर से खोल दिया गया है। सेना के अधिकारियों ने बताया कि यह रक्षात्मक अभियान स्थानीय लोकप्रिय प्रतिरोध बलों के साथ मिलकर बहुत ही योजनाबद्ध तरीके से चलाया गया था। दक्षिण सेक्टर में किसी भी तरह के खतरे को रोकने और इलाके पर अपना पूरा नियंत्रण बनाए रखने के लिए हयफान फ्रंट पर सुरक्षा बलों की भारी तैनाती अभी भी जारी रखी गई है।
अल-अहकुम और लाहज में भी खदेड़े गए विद्रोही
ताएज-आदेन मार्ग के अलावा देश के अन्य हिस्सों में भी यमन की सेना ने हूती विद्रोहियों को करारा जवाब दिया है। अल-अहकुम क्षेत्र में भी सेना ने हूती हमलों को पूरी तरह से नाकाम कर दिया, जिससे हमलावरों को भारी नुकसान उठाना पड़ा और उन्हें वहां से पीछे हटना पड़ा। इसके अलावा, लाहज गवर्नरट के भीतर अल-अशबूट और अल-हायजाह अल-अब्द सेक्टरों में भी हूती घुसपैठ की अलग-अलग कोशिशों को सेना ने पूरी तरह से विफल कर दिया। इन सभी ऑपरेशंस से यह साफ पता चलता है कि यमन के सशस्त्र बल देश की क्षेत्रीय अखंडता की रक्षा के लिए पूरी तरह से सतर्क हैं और मिलिशिया की हरकतों का मुंहतोड़ जवाब दे रहे हैं।